कब पकड़े जाएंगे किसानों पर कार चढ़ाने के आरोपी

नई दिल्ली (New Delhi) . लखीमपुर खीरी में हिंसा मामले में पुलिस (Police) ने अब तक ठोस कार्रवाई नहीं की है. किसानों पर गाड़ी चढ़ाने वाले आरोपियों से पूछताछ तक नहीं हुई. विपक्षी नेताओं को दौरा करने से रोका जा रहा है. यूपी में सियासी उबाल आया हुआ है.उत्तर प्रदेश (Uttar Pradesh) के लखीमपुर खीरी में रविवार (Sunday) को हुई हिंसक घटना के तीन दिन बाद एक भी आरोपी पकड़ा नहीं गया है और ना ही किसी से पुलिस (Police) की पूछताछ हुई है. रविवार (Sunday) को हुई हिंसा में चार किसान समेत आठ लोगों की मौत हुई थी. इस हिंसा में एक स्थानीय पत्रकार भी मारा गया था. आरोप है कि केंद्रीय गृह राज्यमंत्री अजय मिश्रा के बेटे आशीष मिश्रा ने अपनी कार किसानों पर चढ़ा दी. मंगलवार (Tuesday) को कई लोगों ने ट्विटर पर एक वीडियो साझा किया जिसमें एक जीप किसानों को रौंदते हुए आगे बढ़ती दिख रही है. इसी जीप के पीछे दो और कार गुजरती है. उस दौरान किसान पैदल चल रहे थे और जीप उनको पीछे से टक्कर मारती है. कुछ किसान जीप की चपेट में आए और कुछ टक्कर से इधर-उधर गिर गए. किसानों का अंतिम संस्कार हादसे में मारे गए किसानों का अंतिम संस्कार करा दिया गया है.

हालांकि एक मृतक गुरविंदर सिंह के परिजनों ने दोबारा पोस्टमॉर्टम की मांग की थी और अंतिम संस्कार से इनकार कर दिया था. परिवार का आरोप है कि गुरविंदर की मौत गोली लगने से हुई है और पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट “गलत” है. गुरविंदर का बीती रात पोस्टमॉर्टम हुआ और बुधवार (Wednesday) तड़के अंतिम संस्कार किया गया. सोमवार (Monday) को भारतीय किसान यूनियन के नेता राकेश टिकैत ने प्रशासन के साथ मिलकर तनाव को कम करने की कोशिश की थी और गुस्साए किसानों को मनाने के लिए लखीमपुर खीरी पहुंचे थे. यूपी पुलिस (Police) ने आशीष के खिलाफहत्या (Murder) के आरोप में प्राथमिकी दर्ज की है, जिस पर किसानों का आरोप है कि वह एक एसयूवी चला रहा था. लेकिन पुलिस (Police) ने इस बात से इनकार किया था कि इस घटना में गोलियां चलाई गईं, जिससे हिंसा हुई और चार अन्य लोगों की मौत हो गई. लखीमपुर कांड पर सियासी उबाल मृतक किसानों के परिजनों से मिलने की कोशिश में कई नेता लखीमपुर जाना चाह रहे हैं लेकिन उत्तर प्रदेश (Uttar Pradesh) सरकार उन्हें वहां धारा 144 का हवाला देते हुए जाने से रोक रही है. कांग्रेस की नेता प्रियंका गांधी वाड्रा को यूपी पुलिस (Police) गिरफ्तार कर सीतापुर के पीएसी गेस्ट हाउस में अस्थायी जेल में रखा हुआ है. गेस्ट हाउस के बाहर कांग्रेस समर्थक प्रियंका के समर्थन में जुटे हुए हैं.

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