बार-बार बाधा डाले जाने से परेशान हनुमान बेनीवाल चूरू के कार्यक्रम से बाहर निकले

jaipur, 3 अगस्त . social media पर राष्ट्रीय लोकतांत्रिक पार्टी (आरएलपी) के प्रमुख और नागौर के सांसद हनुमान बेनीवाल का एक वीडियो वायरल हो रहा है. इस वीडियो में बेनीवाल Rajasthan के चूरू जिले में एक जनसभा के दौरान युवाओं के एक समूह द्वारा बार-बार किए जा रहे व्यवधान से नाराज होकर अचानक सभा से बाहर निकलते हुए दिखाई दे रहे हैं.

अधिकारियों के अनुसार, यह घटना Sunday देर रात छपर कस्बे में आरएलपी कार्यालय के उद्घाटन के दौरान हुई. बेनीवाल का मंच से जाने से पहले माइक फेंकने का एक वीडियो social media पर सामने आया है और यह काफी चर्चा में है.

हनुमान बेनीवाल पार्टी कार्यकर्ताओं और समर्थकों की एक सभा को संबोधित कर रहे थे, तभी भीड़ में मौजूद कुछ युवाओं ने शोर-शराबा करके बार-बार उनके भाषण में बाधा डाली. शुरू में उन्होंने उनसे शांत रहने और अनुशासन बनाए रखने की अपील की. उन्होंने कहा, “क्या तुमने कभी कोई नेता देखा है? तुम ऐसा व्यवहार क्यों कर रहे हो?” उन्होंने युवाओं से यह भी कहा कि वे कार्यक्रम को शांतिपूर्वक चलने दें.

हालांकि, बार-बार अनुरोध करने के बावजूद जब व्यवधान जारी रहा, तो बेनीवाल ने बोलना बंद कर दिया और मंच से अपनी निराशा ज़ाहिर की. “मैं अब यहां दोबारा नहीं आऊंगा”.

काफी नाराज होते हुए आरएलपी प्रमुख ने चेतावनी दी कि वे अपना भाषण पूरा किए बिना ही चले जाएंगे. उन्होंने कहा, “मैं यहां दोबारा नहीं आऊंगा. मैं बिना भाषण दिए ही जा रहा हूं. ऐसा तो है नहीं कि आप कल सुबह वोट डालने जा रहे हैं. आप बस लोगों का समय बर्बाद कर रहे हैं.”

हंगामे की वजह पर सवाल उठाते हुए बेनीवाल ने यह भी पूछा, “क्या आपको विपक्ष के किसी व्यक्ति ने भेजा है? ये लोग कौन हैं? आयोजकों ने इन्हें क्यों नहीं रोका?”

कुछ ही देर बाद उन्होंने माइक्रोफोन स्टेज पर फेंका और वहां से चले गए, जिससे दर्शक और पार्टी कार्यकर्ता हैरान रह गए.

हंगामा बढ़ने से पहले बेनीवाल ने चुरू जिले की Political स्थिति के बारे में बात की और दावा किया कि जिले की राजनीति के कारण ही उन्हें Rajasthan भर में कई Political टकरावों का सामना करना पड़ा. उन्होंने कहा कि मुश्किल समय में वे चुरू के लोगों के साथ खड़े रहे जबकि कई अन्य नेता बाद में या तो बीजेपी या कांग्रेस में शामिल हो गए.

वहां से निकलने की तैयारी करते हुए बेनीवाल ने कार्यक्रम के आयोजकों की भी आलोचना की कि वे व्यवस्था बनाए रखने में नाकाम रहे. उन्होंने सवाल उठाया कि देर रात तक स्कूली बच्चों को कार्यक्रम में क्यों बिठाया गया था और कहा कि उन्हें लोगों को संबोधित करने के लिए बुलाने से पहले आयोजकों को अनुशासन सुनिश्चित करना चाहिए था.

छापर में रतनगढ़ रोड पर आरएलपी ऑफिस का उद्घाटन Sunday शाम 7:15 बजे होना था लेकिन, बेनीवाल रात 11:30 बजे वहां पहुंचे. स्थानीय आयोजकों के अनुसार, इस कार्यक्रम में लगभग 4,000-5,000 लोग जमा हुए थे. बेनीवाल ने करीब 40-45 मिनट तक भाषण दिया लेकिन बार-बार नारेबाज़ी और हंगामे के कारण उन्हें अपना भाषण खत्म करना पड़ा.

वे कार्यक्रम पूरा किए बिना ही वहां से चले गए. इस घटना का एक वीडियो वायरल हो गया है और यह मामला Rajasthan में Political चर्चा का विषय बन गया है.

एसएचके/पीएम