नोएडा: श्रमिक आंदोलन में आगजनी करने वाला वांछित आरोपी गिरफ्तार, कई वाहनों को किया था आग के हवाले

नोएडा, 23 मई . गौतमबुद्धनगर कमिश्नरेट Police ने श्रमिक आंदोलन के दौरान हिंसा और आगजनी की घटना में शामिल एक वांछित आरोपी को गिरफ्तार करने में सफलता हासिल की है. गिरफ्तार आरोपी की पहचान नरेश कुमार पुत्र छोटेलाल के रूप में हुई है, जो जैतीखेड़ा, थाना कल्याणपुर, जनपद फतेहपुर तथा वर्तमान निवासी चोटपुर, थाना सेक्टर-63, गौतमबुद्धनगर का रहने वाला है.

आरोपी की उम्र लगभग 45 वर्ष बताई जा रही है. Police के अनुसार, 13 अप्रैल 2026 को गौतमबुद्धनगर कमिश्नरेट क्षेत्र में श्रमिकों और मजदूरों द्वारा विभिन्न स्थानों पर बड़े स्तर पर प्रदर्शन किया गया था. इस दौरान हजारों की संख्या में लोग सड़कों पर उतर आए थे, जिससे कई इलाकों में कानून व्यवस्था की स्थिति प्रभावित हुई थी.

प्रदर्शन के दौरान कुछ अराजक तत्वों ने हिंसक रूप अपनाते हुए सेक्टर-63 क्षेत्र में भारी उत्पात मचाया था. बताया गया कि सेक्टर-63 स्थित विपुल मोटर्स के आसपास प्रदर्शनकारियों की भीड़ जमा हो गई थी. इसी दौरान आरोपी नरेश कुमार अपने साथियों के साथ वहां पहुंचा और सुनियोजित तरीके से खड़े वाहनों में आग लगा दी. आग इतनी भीषण थी कि दर्जनों चार पहिया और दो पहिया वाहन धू-धू कर जलने लगे. इतना ही नहीं, आरोपियों ने लोहे के पाइपों से कई अन्य वाहनों में तोड़फोड़ भी की और आगजनी को और बढ़ावा दिया.

घटना के बाद इलाके में अफरा-तफरी का माहौल बन गया था. घटना के संबंध में थाना सेक्टर-63 में मुकदमा दर्ज किया गया था और Police लगातार आरोपियों की तलाश में जुटी हुई थी. Police द्वारा गठित विशेष टीम ने वैज्ञानिक साक्ष्यों, cctv फुटेज और अन्य तकनीकी जांच के आधार पर आरोपी की पहचान सुनिश्चित की. जांच के दौरान आरोपी स्पष्ट रूप से आगजनी की घटना को अंजाम देता दिखाई दिया. Police जांच में यह भी सामने आया कि नरेश कुमार सेक्टर-63 स्थित महावीरा कंपनी में टेलर के पद पर कार्यरत था.

घटना वाले दिन वह कंपनी परिसर में कर्मचारियों को हड़ताल के लिए उकसाते हुए देखा गया था. इसके बाद वह नारेबाजी करते हुए भीड़ के साथ बाहर निकला और हिंसक प्रदर्शन में शामिल हो गया. Police को आरोपी के मोबाइल फोन से श्रमिक यूनियन से संबंधित कई दस्तावेज और जानकारियां भी मिली हैं. जांच में यह भी खुलासा हुआ कि आरोपी पहले Haryana के मानेसर क्षेत्र में हुए श्रमिक आंदोलनों में भी सक्रिय रूप से शामिल रह चुका है.

घटना के बाद Police से बचने के लिए उसने अपना मोबाइल नंबर दूसरे सर्विस प्रदाता में पोर्ट करा लिया था, लेकिन Police ने तकनीकी निगरानी के जरिए उसे ट्रेस कर गिरफ्तार कर लिया. फिलहाल Police आरोपी से पूछताछ कर रही है और उसके अन्य साथियों की तलाश जारी है. अधिकारियों का कहना है कि हिंसा और आगजनी में शामिल किसी भी आरोपी को बख्शा नहीं जाएगा.

पीकेटी/डीएससी