
New Delhi, 12 जून . Madhya Pradesh विधानसभा के नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार ने मीनाक्षी नटराजन का राज्यसभा नामांकन रद्द होने समेत कई मामलों पर प्रतिक्रिया दी.
से बातचीत करते हुए, उन्होंने कहा कि यह न्याय, विधायकों के अधिकार और देश के लोकतंत्र की बात है. हम सभी विधायक एक राय बनाकर दिल्ली पहुंचे हैं. देश के लोकतंत्र को कैसे बचाया जाए, क्योंकि मीनाक्षी नटराजन के साथ जो घटना घटी, ऐसा देश के इतिहास में कभी नहीं हुआ. अगर ऐसी ही स्थिति रही तो रिटर्निंग अधिकारी पूरे देश में मनमानी करेंगे.
उन्होंने कहा कि Supreme Court इस मामले पर आज विचार करेगा. अब फैसला देकर एक नजीर पेश करेगा. देश के लोकतंत्र को बचाने के लिए Supreme Court हमसे ज्यादा गंभीर है. Supreme Court की ओर से इस बात को समझा जाएगा.
उन्होंने कहा कि हम लोगों ने President से मिलने का समय मांगा था, लेकिन उनसे मिलने का समय नहीं दिया गया. एसआईआर के माध्यम से वोटर लिस्ट में गड़बड़ी करके वोट चोरी की जाती है, अब रिटर्निंग ऑफिसर की ओर से फॉर्म रिजेक्ट करके सीट चोरी की जा रही है. ऐसा करके देश में नई परंपरा की शुरुआत की गई है. अब देश की जनता तय करेगी कि लोकतंत्र बचाना है या फिर तानाशाही Government चाहिए.
उमंग सिंघार ने कहा कि Madhya Pradesh कांग्रेस दल के सभी विधायक यहां (दिल्ली) आए हैं. हम लोग लोकतंत्र की रक्षा के लिए President से मिलना चाहते थे. अगर वे नहीं मिलना चाहती हैं, तो सड़कों पर आना पड़ेगा.
Madhya Pradesh में जनजीवन मिशन को लेकर उमंग सिंघार ने कहा कि जलजीवन मिशन में बड़ा घोटाला किया गया है. इस मुद्दे को हम लोगों ने कई बार विधानसभा में उठाया. आम जनता को भाजपा पानी वहीं पिलाना चाहती है, क्योंकि इसके पीछे भ्रष्टाचार और घोटाले हैं. उन्होंने सवाल उठाते हुए कहा कि पूरी तरह से पाइप क्यों नहीं डाले गए, पानी की टंकियां क्यों नहीं बनाई गईं और टंकियां अधूरी क्यों छोड़ दी गईं? भाजपा Government प्रदेश की जनता को मूलभूत सुविधा नहीं देना चाहती.
कांग्रेस नेता विक्रांत भूरिया ने कहा कि सवाल यह है कि क्या इस देश में संविधान और लोकतंत्र बचेगा कि नहीं बचेगा. मतदान करना सबका अधिकार है. राज्यसभा चुनाव में मीनाक्षी नटराजन का पीछे के रास्ते से नामांकन रद्द करा दिया गया. इससे महिला विरोधी चेहरा सबके सामने आ गया है. क्योंकि इन्होंने किसी भी महिला को मौका नहीं दिया और जब कांग्रेस ने मौका दिया तो इनके गले नहीं उतरा.
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एसडी/पीएम
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