महाराष्ट्र को ‘रेलवे लेवल क्रॉसिंग मुक्त’ बनाने का महाअभियान, बुनियादी ढांचे में होगा बड़ा बदलाव

Mumbai , 8 जून . Chief Minister देवेंद्र फडणवीस ने Monday को Maharashtra रेल अवसंरचना विकास निगम (महारेल) की बैठक की अध्यक्षता की, जिसमें कुल 131 प्रस्तावित कार्यों में से पहले चरण में 65 परियोजनाओं को मंजूरी दी गई.

Chief Minister ने यह भी निर्देश दिया कि Maharashtra को रेलवे लेवल क्रॉसिंग से मुक्त बनाने के लिए आवश्यक बुनियादी ढांचे का विकास किया जाए. लोक निर्माण एवं शहरी विकास विभागों के अधिकार क्षेत्र में आने वाली सड़कों पर रेलवे ओवरब्रिज, फुट ओवरब्रिज और रोड अंडरपास के निर्माण पर विस्तृत चर्चा हुई, जिनका निष्पादन महारेल द्वारा किया जाएगा.

Chief Minister फडणवीस ने कहा कि Maharashtra में किसी भी रेलवे मार्ग पर एक भी रेलवे लेवल क्रॉसिंग नहीं रहनी चाहिए. Maharashtra को लेवल क्रॉसिंग मुक्त बनाने के लिए बुनियादी ढांचे का विकास किया जाना चाहिए.

उन्होंने कहा, “महानगरों में रेलवे कॉरिडोर के आसपास तेजी से हो रहे शहरीकरण को देखते हुए, नागरिकों की सुगम आवाजाही सुनिश्चित करने वाली बुनियादी ढांचा परियोजनाएं जहां भी आवश्यक हो, उनको शुरू किया जाना चाहिए. स्वीकृत 65 परियोजनाओं में से उन परियोजनाओं को प्राथमिकता दी जानी चाहिए जिनमें 25,000 से 100,000 तक की ट्रेन वाहन इकाइयों (टीवीयू) की आवाजाही वाली सड़कें शामिल हों और जिनमें न्यूनतम भूमि अधिग्रहण की आवश्यकता हो.”

बढ़ते शहरीकरण को देखते हुए, विभिन्न शहरों में 80 रेलवे अवसंरचना परियोजनाओं की योजना बनाई गई है. इन परियोजनाओं के लिए संबंधित नगर आयुक्तों और जिला कलेक्टरों को मिलाकर समितियां गठित की जानी चाहिए.

समितियां प्रस्तावित कार्यों की आवश्यकता और व्यवहार्यता का सत्यापन करेंगी, जिसके बाद महारेल उन्हें शुरू करेगी. Chief Minister ने विश्वास व्यक्त किया कि इन परियोजनाओं के पूरा होने से नागरिकों को मांग चरम पर पहुंचने से पहले ही आवश्यक बुनियादी ढांचा उपलब्ध हो जाएगा.

Chief Minister ने आगे कहा कि नागपुर शहर में निर्मित फ्लाईओवर पर वाहनों की बढ़ती संख्या के कारण भविष्य में चौराहों पर यातायात जाम की समस्या उत्पन्न हो सकती है.

उन्होंने कहा कि इसलिए, ऐसे स्थानों पर भीड़भाड़ को रोकने के लिए उचित उपाय किए जाने चाहिए. अमरावती-बडनेरा मार्ग पर एक नया रेलवे ओवरब्रिज बनाया जाए, जहां वर्तमान में एक पुराना रेलवे ओवरब्रिज मौजूद है.

उन्होंने आगे कहा कि महारेल को प्राथमिकता के आधार पर परियोजनाओं को चरणबद्ध तरीके से लागू करना चाहिए. इन अवसंरचना परियोजनाओं के वित्तपोषण के लिए, एचयूडीसीओ से ऋण प्राप्त किया जाना चाहिए.

Chief Minister ने सुझाव दिया कि एचयूडीसीओ केवल बैंक से लिए गए ऋणों पर निर्भर रहने के बजाय वैकल्पिक वित्तपोषण व्यवस्थाओं का पता लगाए, बाजार प्रतिस्पर्धा का आकलन करे और राज्य Government को दिए गए ऋणों पर ब्याज का बोझ कम करे.

उन्होंने यह भी निर्देश दिया कि महारेल को लोक निर्माण विभाग के प्रशासनिक नियंत्रण में लाने की प्रक्रिया में तेजी लाई जाए.

उन्होंने आगे कहा कि महारेल द्वारा पूर्ण किए गए कार्यों के लिए राज्य Government द्वारा भुगतान शीघ्रता से जारी किया जाना चाहिए.

डीकेपी