भारतीय हॉकी टीम का ‘नीला रंग’ देश की खेल विरासत से जुड़ी एक भावना है : नवीन पटनायक

भुवनेश्वर, 30 जुलाई . वर्ल्ड कप से पहले भारतीय हॉकी टीमों की जर्सी का रंग ‘नीले’ से बदलकर ‘केसरिया’ करने पर Odisha के पूर्व Chief Minister नवीन Patnaयक ने ऐतराज जताया है. उनका मानना है कि भारतीय हॉकी टीम का नीला रंग सिर्फ एक रंग नहीं है, बल्कि देश की खेल विरासत से जुड़ी एक भावना है.

Odisha के पूर्व Chief Minister नवीन Patnaयक ने social media प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर लिखा, “मुझे यह जानकर बहुत दुख हुआ कि भारतीय हॉकी टीम की जर्सी का मशहूर रंग बदलकर केसरिया कर दिया गया है. भारतीय हॉकी टीम का नीला रंग सिर्फ एक रंग नहीं है, यह देश की खेल विरासत से जुड़ी एक भावना है. दशकों से, इस रंग ने हमें उम्मीद, जीत, हार और खेल में बेहतरीन प्रदर्शन की कोशिश में एक साथ जोड़े रखा है. हम ब्लू जर्सी पहने खिलाड़ियों के साथ रोए हैं, हंसे हैं, जश्न मनाया है और गर्व महसूस किया है. ब्लू जर्सी पहनकर हमारी टीमों ने ओलंपिक मेडल जीते हैं और दुनिया के मंच पर राष्ट्रगान बजा है. नीला रंग हमारे राष्ट्रीय ध्वज के नीले चक्र से आया है. यह हमारे राष्ट्रीय गौरव और पहचान का प्रतीक है. नीला रंग हर भारतीय का है.”

Odisha Government ने साल 2018 से भारतीय पुरुष और महिला हॉकी टीमों (सीनियर और जूनियर) को स्पॉन्सर करते हुए भारतीय हॉकी को समर्थन दिया, जिसे वर्ष 2036 तक बढ़ा दिया गया है.

नवीन Patnaयक ने लिखा, “जब राष्ट्रीय हॉकी टीमें प्रायोजकों के लिए संघर्ष कर रही थीं, तब Odisha ने हमारी राष्ट्रीय टीमों और हमारे प्रिय खेल का समर्थन करने वाला पहला और एकमात्र राज्य बनकर इतिहास रचा. दुनियाभर के हर ओडिया को राष्ट्रीय हॉकी के लिए राज्य के इस तोहफे पर गर्व था. 41 वर्षों के बाद, हमारी पुरुष टीम ने ओलंपिक मेडल जीता. सिर्फ इसलिए कि Odisha में Government बदल गई, हमारी राष्ट्रीय टीम के रंग नहीं बदले जाने चाहिए. यह सबसे घटिया तरह की ओछी राजनीति है.”

उन्होंने कहा, “हमारी ब्लू जर्सी हमारे लिए वैसी ही है जैसी अर्जेंटीना के लिए मशहूर धारियां और ब्राजील के लिए पीली जर्सी. यह हमारी सामूहिक यादों में बसा हुआ है. इस रंग में कोई भी बदलाव हमारी अनमोल खेल विरासत को मिटाने की एक भद्दी कोशिश है. राष्ट्रीय प्रतीक हमें जोड़ने के लिए होते हैं, न कि बांटने के लिए.”

बीजू जनता दल (बीजेडी) के अध्यक्ष ने लिखा, “मुझे पता चला है कि यह कदम Odisha में बीजेपी Government के दबाव में उठाया गया था. सत्ता में बैठे लोग इससे इनकार कर सकते हैं, लेकिन सच यह है कि पिछले दो वर्षों से Odisha में हर किसी ने इमारतों, बसों और यहां तक कि पुलों के रंग बदलने के प्रति इस Government का जुनून देखा है. आज Odisha में बस यही एक काम हो रहा है, लेकिन अब उसी Government ने हमारी राष्ट्रीय टीम के रंग बदल दिए हैं. मैं हॉकी जैसे राष्ट्रीय खेल का Politicalरण करने की बीजेपी Odisha की इस कोशिश की कड़ी निंदा करता हूं. इसने देश भर के लाखों खेल प्रेमियों की भावनाओं और उस गर्व को गहरी चोट पहुंचाई है, जिसके साथ Odisha ने राष्ट्रीय हॉकी का समर्थन किया है.”

आरएसजी/एबीएम