कुछ लोगों ने जेन-जी को गुमराह करने की कोशिश की : धर्मेंद्र प्रधान

भुवनेश्वर, 9 अगस्त . पूर्व Union Minister और वरिष्ठ भाजपा नेता धर्मेंद्र प्रधान ने कहा कि नीट पेपर लीक मुद्दे पर हुए विरोध प्रदर्शन के दौरान कुछ लोगों ने जेन-जी को गुमराह करने की कोशिश की.

Saturday को संबलपुर के गंगाधर मेहर विश्वविद्यालय में आयोजित एक कार्यक्रम में बोलते हुए धर्मेंद्र प्रधान ने कहा था, “मेरा मानना है कि कुछ लोगों ने हमारे जेन-जी को गुमराह करने की कोशिश की.”

धर्मेंद्र प्रधान ने कहा कि मंत्री के तौर पर उनके लिए यह प्रतिष्ठा का सवाल नहीं था. उन्होंने कहा कि देश के करीब 20 करोड़ जेन-जी ही वो ताकत हैं जो India को ‘विश्वगुरु’ बनाने में मदद करेंगे.

उन्होंने कहा, “अगर 20 करोड़ युवा एकजुट होकर दृढ़ निश्चय कर लें, तो उनके सामूहिक संकल्प के सामने मेरी भूमिका बहुत छोटी हो जाती है.”

धर्मेंद्र प्रधान ने बताया कि उन्होंने यही बात Prime Minister को भी बताई थी. इसके बाद Prime Minister ने खुद युवाओं से सीधे संवाद करने का फैसला लिया. उन्होंने दोहराया कि देश का हित हमेशा सर्वोपरि रहना चाहिए.

नीट पेपर लीक विवाद में छात्रों के विरोध के बाद इस्तीफा देने के बाद यह प्रधान का पहला सार्वजनिक भाषण था. इस दौरान उन्होंने कहा कि देश के लिए जान देने वाले स्वतंत्रता सेनानी भी अपने समय के जेन-जी थे.

उन्होंने कहा कि जेन-जी की वजह से वह भी प्रभावित हुए हैं.

इससे पहले Saturday को संबलपुर में एक अन्य सार्वजनिक कार्यक्रम को संबोधित करते हुए धर्मेंद्र प्रधान ने कहा था कि भगवान जगन्नाथ और Odisha की जनता के आशीर्वाद से उन्होंने 12 साल तक Union Minister के रूप में सेवा की है. इस दौरान उन्होंने कभी राज्य का सिर नहीं झुकने दिया.

उन्होंने कहा था, “मैंने ने कभी 4.5 करोड़ ओडिया लोगों का सिर शर्म से नहीं झुकाया. मुझे भगवान जगन्नाथ और मां समलेश्वरी का आशीर्वाद प्राप्त है. जब तक मैं जिंदा हूं, चाहे मैं Odisha के लिए अच्छा काम करूं या न करूं, लेकिन मैं राज्य के सम्मान को कभी ठेस नहीं पहुंचाऊंगा.”

कार्यक्रम में बड़ी संख्या में छात्र और स्थानीय लोग मौजूद थे.

एएस