शिवसेना नेता शाइना एनसी का व्हाट्सऐप हैक, साइबर ठगों ने 8 लोगों से ट्रांसफर करवाएं 49-49 हजार रुपये

Mumbai , 17 जुलाई . साइबर अपराधियों के निशाने पर इन दिनों देश के प्रमुख Political नेता हैं. इसी कड़ी में शिवसेना की राष्ट्रीय प्रवक्ता शाइना एनसी को भी साइबर ठगों ने अपना निशाना बना लिया है.

Police के मुताबिक, शाइना एनसी के व्हाट्सऐप अकाउंट को हैक कर ठगों ने उनके कई परिचितों को आर्थिक मदद के नाम पर संदेश भेजे और लाखों रुपये की ठगी को अंजाम दिया. साइबर ठगों ने शाइना एनसी के व्हाट्सऐप अकाउंट से उनके कॉन्टैक्ट्स को कुछ मदद चाहिए लिखकर संदेश भेजे. इसके बाद उनसे तत्काल 49,000 रुपये ट्रांसफर करने की मांग की गई और भरोसा दिलाया गया कि दो घंटे के भीतर पूरी रकम वापस कर दी जाएगी.

शाइना के परिचितों ने भी इस व्हाट्सऐप मैसेज को वास्तविक मानते हुए रकम भेज दी. शुरुआती जानकारी के मुताबिक कम से कम आठ लोगों ने पैसे ट्रांसफर किए हैं. इस तरह कुल 8 लोगों से 3.92 लाख रुपये की ठगी हुई है.

शाइना एसी ने बताया कि जैसे ही उन्हें अकाउंट हैक होने की जानकारी मिली, उन्होंने Police को इसकी सूचना दी. Police को हैकर के जीपे अकाउंट को ब्लॉक करने का अनुरोध किया. दोपहर 1:58 बजे Police को शिकायत दे दी गई थी. इसके बावजूद ठग कई घंटों तक लोगों से बातचीत करते रहे और शाम करीब छह बजे तक पैसे ट्रांसफर होते रहे.

शाइना एनसी ने 16 जुलाई को एक्स पर लिखा था, “मेरा व्हाट्सए हैक हो गया है. अगर आपको मेरे नंबर से पैसे की मदद या पैसे ट्रांसफर करने के लिए कोई मैसेज मिलता है, तो कृपया उसे पूरी तरह नजरअंदाज करें, वह मैं नहीं हूं. अभी मेरे नंबर से आने वाले किसी भी मैसेज का जवाब न दें, किसी लिंक पर क्लिक न करें और न ही कोई पैसे ट्रांसफर करें.”

बता दें कि शाइना एनसी लगातार विपक्ष पर निशाना साधती हैं और केंद्र Government की खूबियां देश और जनता के सामने प्रस्तुत करती रहती हैं. हाल ही में Maharashtra Government द्वारा किसानों के 48,000 करोड़ के बकाया बिजली बिल माफ करने की घोषणा पर शायना एनसी ने कहा था, “कई किसान संगठनों ने मांग की थी कि पहले दिया गया मुआवजा माफ किया जाए. हमारी Government, यानी महायुति का नेतृत्व, किसानों के प्रति बहुत संवेदनशील है. इसके लिए निश्चित रूप से पात्रता के नियम होंगे कि कौन से किसान इसके लिए योग्य हैं, कौन से एचपी पंप हैं और यह कैसे जांचा जाएगा कि उन्होंने बकाया राशि का भुगतान किया है या उसे माफ किया गया है.”

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