आयतुल्लाह खामेनेई को अंत‍िम व‍िदाई; श्रद्धांजलि देने तेहरान पहुंचे भारतीय नेताओं समेत कई देशों के प्रतिनिधि

नई द‍िल्‍ली, 3 जुलाई . इस्लामी क्रांति के द‍िवंगत नेता आयतुल्लाह सैयद अली खामेनेई के अंत‍िम संस्‍कार में श्रद्धांजलि देने भारतीय धार्मिक नेताओं का एक प्रतिनिधिमंडल ईरान पहुंचा. तेहरान के इमाम खुमैनी मोसल्ला में Friday को यह कार्यक्रम रखा गया, जहां विदेशी गणमान्य लोगों ने द‍िवंगत खामेनेई को श्रद्धांजलि दी.

India में इस्लामिक रिपब्लिक ऑफ ईरान के दूतावास ने सोशल मीड‍िया प्‍लेटफॉर्म ‘एक्‍स’ पोस्‍ट पर ल‍िखा, ”भारतीय धार्मिक नेताओं के एक प्रतिनिधिमंडल ने ईरान के इस्लामिक गणराज्य के शहीद नेता अयातुल्ला अली खामेनेई को श्रद्धांजलि दी.”

इस्लामिक रिपब्लिक न्यूज एजेंसी (आईआरएनएस) की र‍िपोर्ट के अनुसार, इस श्रद्धांजलि सभा में भारत, रूस, चीन, तुर्किये, इराक, बोस्निया और हर्जेगोविना, हंगरी और बांग्लादेश के धार्मिक नेताओं ने हिस्सा लिया. इनके साथ इराक के काताइब हिज्‍बुल्लाह के कुछ मुजाहिदीन भी मौजूद रहे.

आईआरएनएस के अनुसार, इस श्रद्धांजलि सभा में इंडोनेशिया और अफगानिस्तान के इस्लामी विद्वान और धार्मिक बुद्धिजीवी भी समारोह में शामिल हुए. इनमें अहमद शाह मसूद के बेटे अहमद मसूद भी मौजूद रहे. लेबनान के अमल मूवमेंट का एक प्रतिनिधिमंडल और सीरिया, लेबनान, इराक तथा मोरक्को के रेजिस्टेंस फ्रंट के प्रतिनिधियों ने भी शहीद नेता को श्रद्धांजलि अर्पित की.

इसके अलावा स्पेन, इक्वाडोर और बोलीविया के सांस्कृतिक कार्यकर्ता भी इमाम खुमैनी मोसल्ला में पहुंचे और उन्होंने भी कथित शहीद नेता को श्रद्धांजलि दी.

आईआरएनएस की जानकारी के अनुसार, श्रद्धांजलि सभा Saturday और Sunday को भी जारी रहेगी. इस दौरान पार्थिव शरीर को ग्रैंड मोसल्ला में अंतिम दर्शन के लिए रखा जाएगा. इसके बाद Monday को तेहरान में अंतिम यात्रा निकाली जाएगी. आगे की रस्में पवित्र शहर कोम में होंगी. इसके बाद इराक के बगदाद, कर्बला और नजफ में भी कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे. अंत में नौ जुलाई को मशहद में दफन किया जाएगा.

ईरान के President मसूद पेजेश्‍क‍ियन ने देश के सभी लोगों से शहीद नेता आयतुल्लाह सैयद अली खामेनेई के अंतिम संस्कार में शामिल होने की अपील की है.

पेजेश्‍क‍ियन ने Friday को अपने सोशल मीड‍िया प्‍लेटफॉर्म ‘एक्‍स’ पोस्‍ट पर ल‍िखा, “जब वीर ईरान इस्लाम और क्रांति के सच्चे सेवक को अंतिम विदाई देने की तैयारी कर रहा है, तो मैं सभी लोगों से अपील करता हूं कि वे पूरे उत्साह, गरिमा और बड़ी संख्या में इन समारोहों में शामिल हों. इससे राष्ट्रीय एकता और इस्लामी व्यवस्था के उच्च आदर्शों के प्रति लोगों की निष्ठा की एक यादगार तस्वीर दुनिया के सामने आएगी.”

एवाई/पीएम