राहुल गांधी ने छात्रों के आंदोलन को ‘हाइजैक’ किया, युवा राजनीतिक औजार न बनें: ऋतुराज सिन्हा

Patna, 22 जुलाई . Prime Minister आवास के बाहर Tuesday को कांग्रेस सांसद राहुल गांधी और प्रियंका गांधी के नेतृत्व में हुए विरोध-प्रदर्शन को लेकर भाजपा के राष्ट्रीय महासचिव ऋतुराज सिन्हा ने जुबानी हमला किया. उन्होंने आरोप लगाया कि छात्रों के मुद्दे को Political रंग दिया जा रहा है. उन्होंने युवाओं से अपील की कि वे किसी भी Political दल के हाथों का औजार न बनें.

ऋतुराज सिन्हा ने मीडिया से बातचीत में कहा कि वह देश के युवाओं, विशेषकर छात्रों से आग्रह करना चाहते हैं कि वे गलत तत्वों के गलत इरादों का हिस्सा न बनें. छात्रों के आंदोलन को राहुल गांधी ने हाईजैक करने का काम किया है. अब उस आंदोलन के मंच का इस्तेमाल Political लाभ लेने के लिए किया जा रहा है. परीक्षा में पेपर लीक जैसे मुद्दे बेहद गंभीर हैं और Government इस पर छात्रों की बात सुनने के लिए पूरी तरह तैयार है. केंद्र की मोदी Government न केवल छात्रों की शिकायतें सुन रही है, बल्कि आवश्यक कार्रवाई करने के लिए भी प्रतिबद्ध है. असली मुद्दा परीक्षा प्रणाली को पारदर्शी और पेपर लीक मुक्त बनाना है, न कि इस मुद्दे के जरिए राहुल गांधी, अरविंद केजरीवाल या सोनम वांगचुक अपनी Political महत्वाकांक्षाओं को आगे बढ़ाएं.

ऋतुराज सिन्हा ने आंदोलन से जुड़े अभिजीत दीपके पर भी सवाल उठाए. उन्होंने दावा किया कि अभिजीत दीपके पहले आम आदमी पार्टी के पूर्णकालिक कार्यकर्ता रहे हैं और अरविंद केजरीवाल के प्रचार-प्रसार से जुड़े रहे हैं. सिन्हा ने कहा कि दीपके 6 जून को अमेरिका से India लौटे और 20 जून से जंतर-मंतर पर धरना शुरू किया गया, जबकि 21 जून को री-नीट परीक्षा निर्धारित थी. परीक्षा से ठीक एक दिन पहले आंदोलन शुरू करने का उद्देश्य छात्रों को प्रभावित करना था.

भाजपा नेता ने दावा किया कि जब धरने के बावजूद अपेक्षित जनसमर्थन नहीं मिला और री-नीट परीक्षा बिना किसी बड़ी बाधा के संपन्न हो गई, तब आंदोलन को आगे बढ़ाने के लिए सोनम वांगचुक को आमरण अनशन पर बैठाया गया. पिछले तीन वर्षों में सोनम वांगचुक विभिन्न मुद्दों को लेकर कई बार आमरण अनशन कर चुके हैं. सिन्हा ने छात्रों से अपील की कि वे यह समझें कि वास्तव में कौन उनकी समस्याओं का समाधान चाहता है और कौन उनके मुद्दों का Political लाभ उठाने की कोशिश कर रहा है.

बांकीपुर विधानसभा उपचुनाव को लेकर जन सुराज के संस्थापक प्रशांत किशोर के उस बयान पर भी ऋतुराज सिन्हा ने प्रतिक्रिया दी, जिसमें उन्होंने कहा था कि वह Chief Minister सम्राट चौधरी को हटाने के लिए चुनाव लड़ रहे हैं. भाजपा नेता ने कहा कि यह केवल बांकीपुर विधानसभा का उपचुनाव है, जबकि बिहार विधानसभा चुनाव पहले ही संपन्न हो चुके हैं और जनता अपना जनादेश दे चुकी है. विधानसभा चुनाव में प्रशांत किशोर के अधिकांश उम्मीदवारों की जमानत जब्त हो गई थी.

उन्होंने कहा कि यदि प्रशांत किशोर बांकीपुर उपचुनाव के जरिए अपना Political नैरेटिव बनाने का प्रयास कर रहे हैं या सम्राट चौधरी का नाम इसमें जोड़ रहे हैं, तो यह उनका Political निर्णय है. बांकीपुर की जनता शिक्षित और जागरूक है, मतदान के दिन अपना जवाब देगी.

राहुल गांधी पर हमला तेज करते हुए ऋतुराज सिन्हा ने कहा कि जब जंतर-मंतर पर आंदोलन चल रहा था और नीट का पूरा विवाद सामने आया था, उस समय राहुल गांधी देश में मौजूद नहीं थे. राहुल गांधी पिछले तीन सप्ताह तक आइसलैंड में छुट्टियां मना रहे थे और हाल ही में India लौटे हैं. देश लौटने के बाद राहुल गांधी ने आंदोलन को Political अवसर के रूप में देखा और उसमें शामिल होकर अपना Political एजेंडा आगे बढ़ाने की कोशिश की. देश की जनता यह देख रही है कि छात्रों के मुद्दे पर किसका उद्देश्य समाधान निकालना है और कौन केवल Political लाभ लेने की कोशिश कर रहा है.