
पुणे, 24 जून . पुणे मर्डर केस में केतन अग्रवाल के पिता विशाल अग्रवाल ने कहा कि जो कोई भी उनके बेटे के मौत का जिम्मेदार है, उसे कड़ी से कड़ी सजा मिलनी चाहिए. मुझे न्याय प्रणाली पर पूरा भरोसा है. मेरे बेटे को न्याय मिलेगा. जब तक मेरे बेटे की मौत के जिम्मेदारों को कठोर सजा मिल नहीं जाती, तब तक उसकी आत्मा को शांति नहीं मिलेगी.
विशाल अग्रवाल ने समाचार एजेंसी से बातचीत में कहा कि जब यह घटना घटी थी, तब सिया ने बताया था कि वह पैर फिसलने की वजह से गिर गया था, क्योंकि उस समय पर दोनों ही वहां पर मौजूद थे. उसने जो हमें बताया, वो हमें समझ में आ गई. लेकिन, घटना के दो-तीन दिन के बाद कई तरह के बातें निकलकर सामने आईं, इसके बाद हमें चीजें समझ में आने लगी. इसके बाद Police के भी हाथ कुछ चीजें लगी हैं. हमें भी व्यक्तिगत रूप से कई बातों पर शक होने लगा. इसके बाद जब जांच हुई तो कई बातें सामने आने लगीं.
वहीं, पड़ोसी शशि शिशुपाल अग्रवाल ने भी केतन अग्रवाल के बारे में बताया. उन्होंने कहा कि केतन अग्रवाल जब एक साल का था, तभी वह यहां रहने आया था. भले ही हम उनके रिश्तेदार न हों, लेकिन हमारे बीच रिश्तेदारों जैसे प्रेम और सम्मान है. हम मित्तल हैं. मेरे पति और पुष्पा दीदी भाई-बहन हैं. एक बार हम कहीं पर आ रहे थे तो पुष्पा दीदी और मैं रास्ते में उतर गए. हमें रास्ता नहीं सूझ रहा था. इसके बाद हमने केतन को फोन किया तो वह हमें रात को 12 बजे लेने आ गया. वह बहुत ही प्यारा बच्चा था, हमेशा मदद करने वाला था. मुझे बहुत दुख है, इसलिए जिसने भी ऐसा किया है, उसे कठोर से कठोर सजा मिलनी चाहिए. हमें भी इस सगाई के बारे में पता था. हमें लगा कि अच्छा परिवार होगा. मेरी सिया से कभी मुलाकात नहीं हुई थी, मैं कभी उससे नहीं मिली थी. केतन भी अपनी शादी को लेकर खुश था. बच्चों के अपने सपने होते हैं.
उन्होंने कहा कि मुझे एक प्राधिकरण से फोन आया था, जिसने उसकी मौत के बारे में बताया. इसके बाद मैंने दो चार जगह पर फोन किया तो बात सच निकली. यह बहुत ही दर्दनाक घटना है. यह एक सपने जैसा लगता है कि एक लड़की ने ऐसा किया. परिवार काफी दुख में है. मुझे इस बात का दुख है कि परिवार कैसे सदमे से बाहर निकलेगा. आरोपी के खिलाफ कार्रवाई होनी चाहिए.
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एसएचके/डीकेपी
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