
सोल, 21 जून . दक्षिण कोरिया की राजनीति पिछले एक-डेढ़ साल से काफी उथल पुथल भरी रही है. इसी बीच President ली जे म्युंग ने अपने प्रशासन में कई वरिष्ठ सचिवों और सहयोगियों की नई नियुक्तियां की हैं. यह बदलाव उनके कार्यकाल के दूसरे वर्ष में प्रवेश के साथ किया गया है, जिसका उद्देश्य शासन और जनसंपर्क तंत्र को और अधिक प्रभावी बनाना बताया जा रहा है.
Sunday को President कार्यालय के चीफ ऑफ स्टाफ ने जानकारी दी कि योनहाप न्यूज एजेंसी के पूर्व सीईओ और अध्यक्ष सेओंग जी-होंग को President का संचार और जनसंपर्क सचिव नियुक्त किया गया है. वहीं, पूर्व वरिष्ठ अभियोजक हान चान-सिक को नागरिक मामलों का सचिव बनाया गया है.
योनहाप न्यूज एजेंसी के अनुसार, देश के सबसे बड़े श्रमिक संगठन ‘कोरियन कन्फेडरेशन ऑफ ट्रेड यूनियन्स’ की पूर्व उपाध्यक्ष किम क्यॉन्ग-जा को सामाजिक मामलों की सचिव नियुक्त किया गया है. राष्ट्रीय सुरक्षा कार्यालय के वरिष्ठ अधिकारी सांग की-हो और पूर्व सेना कमांडर कांग गन-जैक को क्रमशः प्रथम और तृतीय उप राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार नियुक्त किया गया है.
President कार्यालय के चीफ ऑफ स्टाफ कांग हुन-सिक ने नए संचार सचिव सेओंग जी-होंग को एक अनुभवी पत्रकार बताया, जिनके पास तीन दशकों का अनुभव है. उन्होंने कहा, ” उनका कार्य Government और जनता के बीच बेहतर संवाद स्थापित करना और नीतियों को सरल रूप में जनता तक पहुंचाना होगा.”
इसके साथ ही समुद्री मामलों के मंत्रालय में भी बदलाव किया गया है, जहां वरिष्ठ अधिकारी नाम जे-होन को उप मंत्री नियुक्त किया गया है. उन्हें आर्कटिक शिपिंग रूट्स के विस्तार और दक्षिण कोरिया को एक प्रमुख समुद्री शक्ति के रूप में स्थापित करने की दिशा में महत्वपूर्ण भूमिका निभाने वाला बताया गया है.
यह फेरबदल ऐसे समय में हुआ है जब President ली जे म्युंग अपने पांच वर्षीय कार्यकाल के दूसरे वर्ष में प्रवेश कर चुके हैं. हाल ही में उन्होंने यूरोप का 10 दिवसीय दौरा पूरा किया, जिसमें उन्होंने बेल्जियम, इटली और फ्रांस की यात्रा की. इस दौरान उन्होंने यूरोपीय संघ के शीर्ष नेताओं से मुलाकात की और द्विपक्षीय संबंधों को मजबूत करने पर चर्चा की.
इटली में उनकी मुलाकात President सर्जियो मत्तारेला से हुई, जिसमें दोनों देशों ने अपने संबंधों को विशेष रणनीतिक साझेदारी के स्तर तक ले जाने पर सहमति जताई. इसके अलावा उन्होंने वेटिकन में पोप लियो XIV से भी मुलाकात की, जहां कोरियाई प्रायद्वीप में शांति प्रयासों के प्रति वेटिकन के समर्थन की पुष्टि की गई.
उनकी यह यूरोपीय यात्रा फ्रांस के एवियन-ले-बैंस में आयोजित जी7 शिखर सम्मेलन में भागीदारी के साथ समाप्त हुई, जहां उन्होंने आमंत्रित देश के रूप में लगातार दूसरे वर्ष हिस्सा लिया.
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केआर/
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