‘ऑपरेशन सिंदूर’ भारत की बढ़ती ताकत को दिखाता है, हनोई में बोले राजनाथ सिंह

हनोई, 18 मई . हनोई में भारतीय समुदाय को संबोधित करते हुए रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने कहा कि ‘ऑपरेशन सिंदूर’ India की बढ़ती ताकत, आत्मविश्वास और क्षमता का प्रतीक है. उन्होंने कहा कि आज का India पहले से कहीं ज्यादा मजबूत और निर्णायक बन चुका है और हर चुनौती का मजबूती से सामना करने के लिए तैयार है.

राजनाथ सिंह ने साफ शब्दों में कहा कि India अपनी ‘नो फर्स्ट यूज’ परमाणु नीति के प्रति प्रतिबद्ध है, लेकिन देश किसी भी तरह के परमाणु ब्लैकमेल के आगे झुकने वाला नहीं है. उन्होंने कहा कि अगर कोई दुश्मन देश किसी भी प्रकार की गलत हरकत करता है, तो India उसका करारा जवाब देने के लिए पूरी तरह तैयार है.

उन्होंने India की तकनीकी प्रगति का भी जिक्र किया और कहा कि देश तेजी से सेमीकंडक्टर सेक्टर में आगे बढ़ रहा है. उन्होंने social media प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर लिखा कि यह सिर्फ तकनीकी विकास की कहानी नहीं, बल्कि नए India के निर्माण की कहानी है. उन्होंने दुनिया के देशों और निवेशकों को India के विकास, निवेश और साझेदारी का हिस्सा बनने का निमंत्रण भी दिया.

रक्षा मंत्री ने कहा कि आज अंतरराष्ट्रीय स्तर पर India की बढ़ती प्रतिष्ठा और केंद्र Government के कामकाज ने हर भारतीय का आत्मविश्वास मजबूत किया है.

राजनाथ सिंह Monday दोपहर दो दिवसीय दौरे पर वियतनाम की राजधानी हनोई पहुंचे. यह दौरा India और वियतनाम के बीच व्यापक रणनीतिक साझेदारी के 10 साल पूरे होने के मौके पर हो रहा है. हाल ही में वियतनाम के President टो लाम की India यात्रा के दौरान दोनों देशों के संबंधों को ‘एन्हांस्ड कॉम्प्रिहेंसिव स्ट्रैटेजिक पार्टनरशिप’ तक बढ़ाया गया था.

राजनाथ सिंह 18 से 19 मई तक वियतनाम और उसके बाद 19 से 21 मई तक दक्षिण कोरिया के दौरे पर रहेंगे. उन्होंने कहा कि इस यात्रा का मुख्य उद्देश्य रणनीतिक सैन्य सहयोग को और मजबूत करना, रक्षा उद्योग साझेदारी बढ़ाना और इंडो-पैसिफिक क्षेत्र में समुद्री सहयोग को मजबूती देना है, ताकि क्षेत्र में शांति और स्थिरता बनी रहे.

दक्षिण कोरिया दौरे के दौरान राजनाथ सिंह वहां के राष्ट्रीय रक्षा मंत्री आह्न ग्यु-बैक के साथ द्विपक्षीय बैठक करेंगे. इसके अलावा, वे रक्षा अधिग्रहण कार्यक्रम प्रशासन मंत्री ली योंग-चियोल से भी मुलाकात करेंगे और भारत-कोरिया बिजनेस राउंडटेबल की अध्यक्षता भी करेंगे.

डीएससी