वीरवर दुर्गादासजी की 383 वी जयंती पर मेवाड़ और मालवा के विभिन्न जगह पर त्रिदिवसीय कार्यक्रम सम्पन्न

 

उदयपुर (Udaipur). दिनाँक 21 अगस्त 2021 को रघुवीर राजपूत बोर्डिंग हाउस सीतामऊ जिला मन्दसौर मे क्षत्रिय युवक संघ के मालवा प्रान्त द्वारा राष्ट्र नायक दुर्गादास जी राठौड़ की जन्म जंयती मनायी गयी. अम्बा माताजी व दुर्गा दास जी के चित्र पर माल्यार्पण व दीप प्रज्जवलन के साथ ही गणेश वन्दना से कार्यक्रम का शुभारम्भ हुआ. क्षत्रिय कुल मे प्रभु सामूहिक प्रार्थना की गयी.

कहानी क्षीप्रा के तीर व गीत मेरे वीर दुर्गादास लौट के आ रे गंगासिंह जी साजियाली ने प्रस्तुत किया. उपस्थित समाजजनों ने पुष्पांजली अर्पित की. जिला राजपूत समाज मन्दसौर के जिलाध्यक्ष महोदय महेंद्र सिंह जी फतेहगढ़ ने वरिष्ठजनों से बच्चों को शिविर के लिए प्रोत्साहित करने तथा दुर्गा दास जी के गुणों का अनुसरण करने का आव्हान किया. गुमान सिंह जी वालई ने संघ की कार्यप्रणाली के बारे मे जानकारी दी. डा कमल सिंह जी बेमला ने दुर्गा दास जी के जी जीवन के बारे मे विस्तृत जानकारी दी.

ओम सिंह जी हल्दूनी रघुनाथ सिंह जी काचरिया गोविंद सिंह जी लदूना व सुमेर सिंह जी घसोई ने सभा को सम्बोधित किया.  कार्यक्रम मे रघुवीर सिंह जी धाराखैड़ी बलवन्त सिंह जी कुन्ताखैड़ी नरेन्द्र सिंह जी मोरखैड़ा कोमल सिंहजी नारायण सिंह जी व महिपाल सिंह जी लदूना रविन्द्र सिंह जी बाजखैड़ी दिलीप सिंह जी आक्या भेरु सिंह जी रामगढ़ शिव सिंह जी व गजेन्द्र सिंह जी सीतामऊ गोविन्द नारायण सिंह जी महुवा भँवर सिंह जी धाकड़ पिपल्या भोजराज सिंह जी दीपाखैड़ा मान सिंह जी करनपुरा लक्ष्मण सिंह जी चिकला दशरथ सिंह साताखैड़ी भगवत सिंह जी कोचरिया खैड़ी नाहर सिंह जी विक्रम सिंह जी व बबलू सिंह जी अंगारी हनुवंत सिंह जी गढ़ा लाखन सिंह जी लाम्बापाड़ा, हरेन्द्र सिंह बेमला आदि कई गणमान्य समाजजन व बालकों ने भाग लिया.

कार्यक्रम का संचालन दयाल सिंह सेदरा ने किया. मंत्र के साथ ही कार्यक्रम का समापन हुआ. तत्पश्चात् सबने जलपान किया व वरिष्ठजनों ने बैठक कर आगामी कार्यक्रम व शिविर हेतु विचार विमर्श किया. ज़ूम वर्चुअल माध्यम से भी 22 अगस्त को वीरदुर्गादासजी की 383 वी जयंती बहुत ही भावभीने तरीके से मनाई गई. कार्यक्रम का आगाज भँवर सिंह जी बेमला ने गणेश वंदना और सहगान ‘मेरे वीरदुर्गादास लौट के आ ओ लौट के आ….’ जलगांव से इतिहास के प्रोफ़ेसर डॉ नरसिंह परदेसी ने वीर दुर्गादास जी के कृतित्व और व्यक्तित्व पर प्रकाश डाला.साथ ही वीरदुर्गादासजी के महाराष्ट्र (Maharashtra) प्रवास और नीतियों के बारे में भी विस्तृत्व में बताया. गणपत सिंह जी जयपुर (jaipur)ने वीर दुर्गादास जी सतत 30 वर्षों के संघर्ष और युद्धकौशल के बारे में जानकारी प्रदान की. उन्होंने लगातार 32 वर्ष से जयपुर (jaipur)में जयंती मनाने भी बताया और चित्रकार से वीरवर के चित्र भी बनवाये. अर्जुन सिंह जी नतवाड़ा की तरह इनका घर भी दुर्गादास से सम्बंधित पुस्तकों, चित्रों, सिक्कों, कावड़ कला, स्टैम्प्स, दुर्गादास की फ़िल्म आदि से म्यूज़िक की शक्ल में है.श्याम सुंदर चौबीसा जी ने वीरदुर्गादासजी के महाकाल से सम्बंधित घटनाओं का जिक्र किया. विक्रम सिंह जी पांडगरा ने भी वीरदुर्गादासजी के बाल्यकाल के बारे में बताया.डॉ कमल सिंह बेमला ने कार्यक्रम का संचालन किया. कार्यक्रम में कृष्णदेव सिंह दवाना, मनमोहन सिंह बेमला, साक्षी शक्तावत, पूरण सिंह अराबा आदि गणमान्य भी उपस्थित थे.

राष्ट्रनायक वीरवर श्रध्देय दुर्गादास जी की जयंती का उदयपुर (Udaipur) में कार्यक्रम एकलिंग पुरा स्थित दवाणा हाऊस में आयोजित हुआ.श्रीगणेश वन्दना से प्रारम्भ कर प्रार्थना मेरे सोते हुएभी जीवन में भँवर सिंह बेमला द्वारा कराई गई.सहगान मेरे वीर दुर्गादास लौट के आ,भगत सिंह बेमला द्वारा करवाया.इतिहासकार और पुरातत्व विशेषज्ञ डॉ ललित जी पान्डे सा ने वीरवर के बारे में बताया. मोहन सिंह जी बम्बोरा ने मेवाड़ में वीरवर के आध्यात्मिकता की शुरुआत के बारे में बताया, इतिहासकार डॉ विवेक जी भटनागर ने उनके कृतित्व के बारे में, प्रताप सिंह जी तलावदा ने सांस्कृतिक विशेषताओं के बारे में, सुमन जी दधिवाड़िया ने विशेषताओ, भारत सिंह जी दवाणा ने व्यक्तित्व एवं भँवर सिंह बेमला ने क्षत्रिय युवक संघ के बारे में अपनी बात प्रकट की.कार्यक्रम का संचालन डॉ कमल सिंह बेमला द्वारा किया गया.

Check Also

सीएम गहलोत के खिलाफ केंद्रीय मंत्री का अमर्यादित बयान, कांग्रेस नेताओं ने की बयान की निंदा

जयपुर (jaipur) . कांग्रेस नेताओं ने राजस्थान (Rajasthan) के मुख्यमंत्री (Chief Minister) अशोक गहलोत (Ashok …