
New Delhi, 29 जुलाई . गुरु पूर्णिमा के पावन अवसर पर उत्तर प्रदेश के Chief Minister योगी आदित्यनाथ और Haryana के Chief Minister नायब सैनी समेत देश के कई राज्यों के मुख्यमंत्रियों ने गुरुजनों के प्रति श्रद्धा और कृतज्ञता व्यक्त करते हुए देशवासियों को शुभकामनाएं दीं. नेताओं ने भारतीय संस्कृति में गुरु-शिष्य परंपरा के महत्व को रेखांकित करते हुए गुरु के बताए आदर्शों, संस्कारों और मूल्यों को जीवन में अपनाने का आह्वान किया.
उत्तर प्रदेश के Chief Minister योगी आदित्यनाथ ने एक्स पोस्ट पर लिखा, “अज्ञान के तिमिर को मिटाकर ज्ञान, संस्कार व सदाचार के दिव्य प्रकाश से जीवन को आलोकित करने वाले समस्त पूज्य गुरुजनों को ‘गुरु पूर्णिमा’ की अनंत बधाई एवं शुभकामनाएं. सनातन संस्कृति में गुरु का स्थान सर्वोपरि है, उनकी अहैतुकी कृपा से ही शिष्य को धर्म, विवेक और ‘राष्ट्र आराधना’ की सच्ची प्रेरणा प्राप्त होती है. मानवता का पथ-प्रदर्शन कर एक श्रेष्ठ व संस्कारवान समाज का निर्माण करने वाले सभी पूज्य गुरुजनों को कोटिशः नमन.”
Haryana के Chief Minister नायब सैनी ने एक्स पोस्ट में कहा, “गुरु पूर्णिमा के पावन पर्व की समस्त प्रदेशवासियों को हार्दिक शुभकामनाएं. भारतीय संस्कृति में गुरु केवल ज्ञान के स्रोत नहीं, बल्कि जीवन को सही दिशा देने वाले पथप्रदर्शक हैं. उनके सान्निध्य से संस्कार, चरित्र और व्यक्तित्व का निर्माण होता है तथा जीवन में सत्य और कर्तव्य का बोध होता है. आइए, इस पावन अवसर पर अपने गुरुजनों के प्रति श्रद्धा और कृतज्ञता व्यक्त करें तथा उनके बताए आदर्शों और मूल्यों को अपने जीवन में आत्मसात करने का संकल्प लें.”
Rajasthan के Chief Minister भजनलाल शर्मा ने एक्स पर लिखा, “समस्त प्रदेशवासियों को पावन गुरु पूर्णिमा की हार्दिक शुभकामनाएं! भारतीय संस्कृति में गुरु को ज्ञान, संस्कार और जीवन मूल्यों का प्रथम पथप्रदर्शक माना गया है. गुरु का सान्निध्य व्यक्ति के व्यक्तित्व का निर्माण करता है तथा उसे सत्य, सेवा और कर्तव्य के मार्ग पर अग्रसर होने की प्रेरणा देता है. इस पावन अवसर पर समस्त गुरुवरों के श्रीचरणों में सादर प्रणाम. प्रभु से प्रार्थना है कि हम सभी पर गुरुजनों का आशीर्वाद सदैव बना रहे.”
उत्तराखंड के Chief Minister पुष्कर सिंह धामी ने एक्स पर पोस्ट किया, “गुरु मूरत मुख चंद्रमा, सेवक नयन चकोर. अष्ट प्रहर निरखत रहूं, श्री गुरु चरनन की ओर. समस्त प्रदेशवासियों को गुरु पूर्णिमा की हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएं. भारतीय संस्कृति में गुरु केवल ज्ञान देने वाले नहीं, बल्कि जीवन को सही दिशा, संस्कार और उद्देश्य प्रदान करने वाले मार्गदर्शक होते हैं. आइए, इस पावन अवसर पर हम अपने गुरुओं के प्रति कृतज्ञता व्यक्त करें और उनके आदर्शों को जीवन में आत्मसात करने का संकल्प लें.”
दिल्ली की Chief Minister रेखा गुप्ता ने एक्स पर लिखा, “गुरु पूर्णिमा के पावन पर्व पर सभी देशवासियों को हार्दिक शुभकामनाएं. गुरु भारतीय संस्कृति की धुरी हैं. गुरु ही ज्ञान हैं, गुरु ही संस्कार हैं और गुरु ही वह दिव्य शक्ति हैं, जो व्यक्ति को आत्मबोध, समाज को सदाचार तथा राष्ट्र को वैभव के पथ पर अग्रसर करती है. इस पावन अवसर पर समस्त गुरुजनों एवं ऋषि परंपरा को कोटिशः नमन. उनके आशीर्वाद से राष्ट्रसेवा का हमारा संकल्प निरंतर सुदृढ़ होता रहे.”
Madhya Pradesh के Chief Minister मोहन यादव ने एक्स पर पोस्ट किया, “गुरु गोविन्द दोऊ खड़े, काके लागूं पांय. बलिहारी गुरु अपने गोविन्द दियो बताय.. गुरु पूर्णिमा पर्व की हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएं. श्रद्धेय गुरु ही जीवन को सार्थक बनाने वाले साक्षात ईश्वर हैं. आपके चरणों में प्रणाम करते हुए प्रदेशवासियों की सुख, समृद्धि की कामना करता हूं.”
बिहार के Chief Minister सम्राट चौधरी ने एक्स पर लिखा, “गुरु पूर्णिमा के पावन अवसर पर समस्त गुरुजनों को सादर प्रणाम एवं आप सभी को हार्दिक शुभकामनाएं. गुरु ही ज्ञान, संस्कार और जीवन के सही मार्ग के प्रकाशस्तंभ होते हैं. आइए, इस पावन पर्व पर अपने गुरुजनों के प्रति कृतज्ञता व्यक्त करें और उनके बताए आदर्शों पर चलने का संकल्प लें.”
असम के Chief Minister हिमंता बिस्वा सरमा ने एक्स पर पोस्ट किया, “गुरु पूर्णिमा के पावन अवसर पर सभी गुरुजनों को सादर नमन. गुरु हमारे जीवन को ज्ञान, संस्कार और सही दिशा प्रदान करते हैं. उनके मार्गदर्शन से ही हम अपने जीवन में सत्य और कर्तव्य के पथ पर आगे बढ़ते हैं. सभी गुरुजनों के प्रति हार्दिक कृतज्ञता एवं सम्मान.”
उत्तर प्रदेश के डिप्टी सीएम केशव प्रसाद मौर्य ने एक्स पर पोस्ट किया, “गुरुर्ब्रह्मा गुरुर्विष्णुः गुरुर्देवो महेश्वरः. गुरुः साक्षात् परब्रह्म तस्मै श्रीगुरवे नमः॥ महर्षि वेदव्यास जी की जयंती तथा भारतीय संस्कृति में गुरु-शिष्य परंपरा के पावन पर्व ‘गुरु पूर्णिमा’ (आषाढ़ शुक्ल पूर्णिमा) की समस्त देश एवं प्रदेशवासियों को हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएं! भारतीय संस्कृति में गुरु को ज्ञान, संस्कार और आत्मबोध का सर्वोच्च स्रोत माना गया है. महर्षि वेदव्यास जी ने वेदों के संकलन एवं महाIndia की रचना के माध्यम से मानवता को अमूल्य आध्यात्मिक और सांस्कृतिक धरोहर प्रदान की. आइए, इस पावन अवसर पर अपने गुरुजनों के प्रति श्रद्धा, सम्मान और कृतज्ञता व्यक्त करें तथा उनके आदर्शों और शिक्षाओं का अनुसरण करते हुए सेवा और सदाचार के मार्ग पर अग्रसर रहने का संकल्प लें.”
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ओपी/एएस
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