दिल्ली में अब एक ही जगह मिल सकेंगे करोल बाग के छोले-भटूरे और चांदनी चौक की जलेबी

नई दिल्ली (New Delhi) . राजधानी दिल्ली का नाम लजीज पकवानों के साथ चौक-चौराहे के जायके के लिए भी जाना जाता है. चाहे चांदनी चौक हो या फिर पहाड़गंज और करोल बाग. इन बाजारों की पहचान देश के साथ विदेशों में बनाने वाले स्ट्रीट फूड के लिए जल्द ही लुटियंस दिल्ली में मार्केट नजर आएगी. विदेशों की तर्ज पर इन मार्केट का उद्देश्य एक ही स्थान पर स्ट्रीट फूड को उपलब्ध कराना होगा. इससे न केवल खाने की स्वच्छता का स्तर सुधरेगा बल्कि नागरिकों को भी एक ही स्थान पर राजधानी दिल्ली का जायका मिल जाएगा.

नई दिल्ली (New Delhi) नगर पालिका परिषद एनडीएससी के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि चांदनी चौक की जलेबी, चाट, पराठे से लेकर मिठाइयां काफी मशहूर हैं. ऐसे ही पहाड़गंज और करोल बाग के छोले भटूरे हो या फिर फिर छोले कुल्चे लोग दूर-दूर से खाने आते हैं. लेकिन, देखने में आता है कि स्वाद के शौकीनों को अलग-अलग पकवानों के लिए अलग-अलग मार्केट में जाना पड़ता है. इससे जाने आने में उनका समय में भी नष्ट होता है. उन्होंने बताया कि ऐसे लोगों को स्ट्रीट फूड के लिए एनडीएमसी स्थान उपलब्ध कराएगा. एक ही स्थान पर बहुत सारे पकवान मिलेंगे. जहां पर लोग आसानी से स्ट्रीट फूड का आनंद ले सकेंगे.

फिलहाल राजधानी दिल्ली में कोरोना को लेकर काफी प्रतिबंध लगे हुए हैं. ऐसे में एनडीएमसी की योजना कोरोना के कड़े दिशा-निर्देश जैसे ही खत्म होंगे तो इन मार्केट को शुरू किया जाएगा. इसके लिए पार्कों से लेकर एनडीएमसी के शॉपिंग कांप्लेक्स समेत बड़े बाजारों में या इसके आस-पास ऐसी मार्केट की स्थापना की जानी है. इसके लिए स्थान की तलाश की जा रही है. पार्किंग से लेकर स्वच्छता जैसे प्रावधानों का यहां पालन हो सकें इसके लिए ऐसे स्थानों को प्राथमिकता दी जाएगी. एनडीएमसी की योजना है कि कनॉट प्लेस, खान मार्केट, बंगाली मार्केट जैसे बाजारों में स्ट्रीट फूड की बिक्री जिन दुकानदारों द्वारा की जाती है ऐसे लोगों को इन मार्केट के लिए प्राथमिकता दी जाएगी. अधिकारियों का मानना है कि इससे एनडीएमसी को अपने बाजारों को अतिक्रमण से मुक्त कराने में सहायता मिलेगी. योजना को लागू करने में टाउन वेडिंग कमेटी की सलाह को भी तवज्जों दी जाएगी.

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