
Ahmedabad, 26 मई . Ahmedabad के एक परिवार ने Prime Minister Narendra Modi और Gujarat Government से मदद की अपील की है. परिवार का कहना है कि जॉर्जिया में मेडिकल की पढ़ाई कर रहा उनका 23 वर्षीय बेटा पिछले 12 दिनों से लापता है. परिजनों ने बेटे के मकान मालिक और रूममेट्स पर उसे परेशान करने का आरोप लगाया है.
Ahmedabad के विराट नगर निवासी ध्वनित राजदीप जॉर्जिया की कॉकेशस इंटरनेशनल यूनिवर्सिटी में मेडिकल की पढ़ाई के नौवें सेमेस्टर के छात्र हैं. परिवार के मुताबिक, 14 मई को आखिरी बार ध्वनित से बात हुई थी. इसके बाद अचानक उनका फोन बंद हो गया और तब से उनसे कोई संपर्क नहीं हो पाया है.
से बात करते हुए उनके पिता डॉ. मयूर कुमार राजदीप ने आरोप लगाया कि ध्वनित किराए के जिस फ्लैट में रह रहा था, वहां उसे लगातार मानसिक रूप से परेशान किया जा रहा था.
उन्होंने कहा, “ध्वनित जॉर्जिया में मेडिकल की पढ़ाई के नौवें सेमेस्टर में था. उसने हाल ही में वहां एक स्थानीय व्यक्ति का फ्लैट किराए पर लिया था. उसके रूममेट्स उसका टिफिन छीन लेते थे, पढ़ाई नहीं करने देते थे और कई तरह से उसे परेशान करते थे.”
डॉ. मयूर कुमार राजदीप ने आरोप लगाया कि जब उनके बेटे ने दूसरी जगह रहने का फैसला किया और अपना कुछ सामान वहां शिफ्ट कर दिया, तब विवाद और ज्यादा बढ़ गया.
उन्होंने कहा, “मेरे बेटे ने एक दिन पहले ही अपना आधा सामान दूसरे फ्लैट में शिफ्ट कर दिया था. इसके बाद अनिल नाम का उसका फ्लैटमेट उसे धमकाने लगा. उसने कहा कि उन्हें पता है कि वह कहां जा रहा है और वे वहां आकर उसे मार देंगे. ध्वनित को मैसेज के जरिए भी जान से मारने की धमकियां दी गईं. इसके बाद अनिल ने उससे पैसों की मांग भी की.”
डॉ. राजदीप ने दावा किया कि बाद में ध्वनित अपना बाकी सामान लेने और फ्लैट की चाबियां लौटाने के लिए पुराने फ्लैट में वापस गया था. वहां उसे मानसिक रूप से परेशान किया गया. आखिर में उसने मुझे फोन करके बताया कि पैसे देने के बाद भी उसे परेशान किया जा रहा है.”
परिवार का आरोप है कि ध्वनित को एक कमरे में बंद कर दिया गया था और उसका फोन भी छीन लिया गया था. आरोप है कि उस पर दबाव बनाकर उसके खाते से करीब 6,500 डॉलर ट्रांसफर करवाए गए.
डॉ. राजदीप ने बताया कि जैसे ही ध्वनित से उनका संपर्क टूटा, उन्होंने तुरंत भारतीय दूतावास और यूनिवर्सिटी प्रशासन को इसकी जानकारी दे दी थी.
उन्होंने कहा, “हमने तुरंत भारतीय दूतावास और यूनिवर्सिटी अधिकारियों को इसकी जानकारी दे दी थी. हमारा बड़ा बेटा भी ध्वनित की तलाश के लिए जॉर्जिया गया है.”
ध्वनित की मां धर्मिष्ठा राजदीप ने अधिकारियों से भावुक अपील की. उन्होंने कहा, “मैंने अपने बेटे से 13 मई को बात की थी. अगले दिन उसने मेरे पति से बात की थी. जब मेरी उससे बात हुई, तब उसने बताया था कि वह अपना सामान लेकर नए फ्लैट में पहुंच गया है. 14 तारीख के बाद से हमारा उससे कोई संपर्क नहीं हो पाया है. मैं Government से अपील करती हूं कि इस मामले को जॉर्जिया Government के सामने उठाया जाए.”
उन्होंने कहा, “हमारी बस एक ही मांग है कि मेरे बेटे को जल्द से जल्द सुरक्षित वापस लाया जाए. वह एक होनहार छात्र था और उसने यहां तक पहुंचने के लिए बहुत मेहनत की थी. मेडिकल की पढ़ाई पूरी करने के बाद उसे सितंबर में घर लौटना था. मैं Gujarat Government से विनम्र अपील करती हूं कि मेरे बेटे को जल्द से जल्द वापस लाने में मदद की जाए.”
परिवार ने बताया कि ध्वनित के बड़े भाई मिहिर राजदीप कनाडा से जॉर्जिया पहुंच गए हैं. वह वहां Police और यूनिवर्सिटी अधिकारियों के साथ मिलकर ध्वनित की तलाश में जुटे हुए हैं.
परिवार का कहना है कि भारतीय दूतावास की मदद और स्थानीय नेताओं की पहल के बावजूद अब तक उन्हें कोई ठोस जानकारी नहीं मिल पाई है. परिवार ने आरोप लगाया कि जॉर्जिया की स्थानीय Police और प्रशासन ने शिकायत में नामजद लोगों के खिलाफ अब तक पर्याप्त कार्रवाई नहीं की है.
करीब दो हफ्ते बीत जाने के बाद भी छात्र का कोई सुराग नहीं मिल पाया है. ऐसे में परिवार ने केंद्र और Gujarat Government से अपील की है कि वे जॉर्जिया Government से संपर्क कर कूटनीतिक प्रयास तेज करें और ध्वनित की सुरक्षित वापसी सुनिश्चित करें.
–
एसएचके/
Skip to content