बेंगलुरु सरकारी अस्पताल की दीवार गिरने की घटना की जांच के लिए कर्नाटक लोकायुक्त ने गठित की विशेष जांच टीम

Bengaluru, 5 मई . कर्नाटक के लोकायुक्त ने Tuesday को एक विशेष जांच टीम का गठन किया, जो Bengaluru के बोरिंग अस्पताल में हुई दर्दनाक घटना की जांच करेगी. इस हादसे में सात लोगों की मौत हो गई थी, जब अस्पताल की एक दीवार गिर गई थी.

यह हादसा 29 अप्रैल को हुआ था, जब भारी बारिश, ओलावृष्टि और आंधी-तूफान के दौरान सरकारी बोरिंग एंड लेडी कर्जन हॉस्पिटल की एक कंपाउंड वॉल गिर गई. इसमें एक बच्ची और केरल से आए दो पर्यटकों सहित कुल सात लोगों की मौत हो गई थी.

अधिकारियों के अनुसार, जांच टीम ने Tuesday को शहर के डिप्टी कमिश्नर कार्यालय में बैठक की. इस बैठक में उन लोगों को नोटिस जारी करने पर चर्चा हुई, जिनसे पूछताछ की जानी है.

जांच के लिए एक Police अधीक्षक स्तर के अधिकारी को जांच अधिकारी नियुक्त किया गया है. टीम में एक जिला जज और लोकायुक्त की तकनीकी शाखा के मुख्य अभियंता भी शामिल हैं.

बीएस पाटिल ने निर्देश दिया है कि जांच पूरी कर 16 मई तक रिपोर्ट सौंपी जाए. घटना के बाद लोकायुक्त न्यायमूर्ति पटिल ने खुद मौके का निरीक्षण किया और सख्त चेतावनी दी थी. इसके बाद मामले में औपचारिक केस दर्ज किया गया और अब विस्तृत जांच के लिए विशेष टीम बनाई गई है.

इसी बीच, इंजीनियरिंग टीम ने घटनास्थल से सीमेंट, मिट्टी, पत्थर और अन्य सामग्री के नमूने भी एकत्र किए हैं. इन नमूनों के आधार पर अस्पताल प्रशासन के अधिकारियों को पूछताछ के लिए बुलाया जाएगा.

इस मामले में एक साथ कई जांचें चल रही हैं, एक डिप्टी कमिश्नर के नेतृत्व में, दूसरी इंजीनियरिंग टीम द्वारा और तीसरी लोकायुक्त द्वारा.

कंपाउंड वॉल, जो सीमेंट और ईंटों से बनी थी, अस्पताल के इमरजेंसी वार्ड गेट के पास भारी बारिश के दौरान गिर गई थी. इस हादसे में सात लोगों की मौत हुई, जबकि पांच महिलाएं समेत कई लोग घायल भी हुए थे.

इसके बाद कर्नाटक Government ने पूरे राज्य में अस्पताल परिसरों की जांच का आदेश दिया है, खासकर Bengaluru के अस्पतालों पर विशेष ध्यान देने को कहा गया है.

एएमटी/एबीएम