बांकीपुर उपचुनाव : 26वें राउंड तक जन सुराज के प्रशांत किशोर की निर्णायक बढ़त, पार्टी कार्यालय में जश्न का माहौल

Patna, 3 अगस्त 2026 . बिहार की चर्चित बांकीपुर विधानसभा सीट पर हुए उपचुनाव की मतगणना Monday को Patna के एएन कॉलेज परिसर में जारी है. 26वें राउंड की गिनती पूरी होने तक जन सुराज पार्टी को स्पष्ट बढ़त मिली हुई है. जन सुराज के संयोजक एवं पार्टी प्रत्याशी प्रशांत किशोर ने शुरुआती दौर से बनाई बढ़त को बरकरार रखा है.

निर्वाचन आयोग के आंकड़ों के अनुसार, 26वें राउंड के बाद प्रशांत किशोर 15,864 वोटों से आगे चल रहे हैं. दूसरे नंबर पर भारतीय जनता पार्टी के नीरज कुमार सिन्हा हैं, जो इतने ही मतों से पीछे हैं. वहीं, राजद की प्रत्याशी रेखा कुमारी तीसरे स्थान पर हैं और 41,633 वोटों से पिछड़ गई हैं.

बढ़त लगातार बने रहने के बाद Patna स्थित जन सुराज के प्रदेश कार्यालय में कार्यकर्ताओं का उत्साह चरम पर है. कार्यालय में जश्न शुरू हो गया है. समर्थक एक-दूसरे को अबीर-गुलाल लगाकर खुशी मना रहे हैं और संभावित जीत की अग्रिम बधाइयां दे रहे हैं. कार्यालय में जमकर नारेबाजी हो रही है.

अब तक के रुझानों से मुकाबला मुख्य रूप से जन सुराज और भाजपा के बीच दिखाई दे रहा है. राजद उम्मीदवार शुरुआती दौर से ही पिछड़ती नजर आ रही हैं. हालांकि, अंतिम परिणाम सभी 31 राउंड की मतगणना पूरी होने के बाद ही घोषित किया जाएगा.

बांकीपुर विधानसभा उपचुनाव के लिए 30 जुलाई को मतदान हुआ था. इस सीट पर 34.30 प्रतिशत मतदान दर्ज किया गया था. इस सीट पर भाजपा, जन सुराज और राजद के बीच त्रिकोणीय मुकाबले की चर्चा थी, लेकिन अब तक के रुझानों में जन सुराज के प्रत्याशी बढ़त बनाए हुए हैं.

मतगणना Monday सुबह आठ बजे कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के बीच शुरू हुई. सबसे पहले डाक मतपत्रों की गिनती की गई. सुबह 8:30 बजे से ईवीएम के मतों की गिनती शुरू हुई. मतगणना के लिए 16 टेबल बनाए गए हैं और प्रत्येक टेबल पर तीन-तीन कर्मियों की तैनाती की गई है. ईवीएम के मतों की गिनती कुल 31 राउंड में पूरी होनी है.

इस उपचुनाव में भाजपा ने नीरज कुमार सिन्हा को मैदान में उतारा है. जन सुराज के संस्थापक प्रशांत किशोर और राजद की रेखा गुप्ता समेत कुल 25 उम्मीदवार चुनाव मैदान में हैं.

बांकीपुर विधानसभा सीट भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन के इस्तीफे के बाद रिक्त हुई थी. वर्ष 1995 से भाजपा के कब्जे वाली इस सीट पर इस बार के उपचुनाव के नतीजों पर प्रदेश की राजनीति की विशेष नजर बनी हुई है. यदि रुझान अंतिम नतीजों में बदलते हैं, तो इसे बिहार की राजनीति में बड़ा बदलाव माना जाएगा.

एससीएच/पीएम