दारखोविन परमाणु ऊर्जा संयंत्र शांतिपूर्ण उद्देश्यों के लिए, अमेरिका ने हमला कर ठीक नहीं किया: ईरान

तेहरान, 20 जुलाई . ईरान के उप विदेश मंत्री काजेम गरीबाबादी ने दारखोविन परमाणु ऊर्जा संयंत्र पर हुए हमले की कड़ी निंदा करते हुए कहा कि यह संयंत्र पूरी तरह शांतिपूर्ण उद्देश्यों के लिए बनाया जा रहा था.

28 फरवरी को ईरान के खिलाफ शुरू हुए अमेरिका-इजरायल युद्ध के बाद यह पहली बार है जब अमेरिका ने किसी परमाणु ऊर्जा संयंत्र को सीधे निशाना बनाया. हालांकि यह संयंत्र अभी निर्माणाधीन था, इसलिए वहां कोई परमाणु सामग्री मौजूद नहीं थी. इसी कारण किसी प्रकार का विकिरण या रेडियोधर्मी रिसाव नहीं हुआ.

यह परियोजना ईरान के लिए बेहद महत्वपूर्ण मानी जाती है. इसका निर्माण वर्ष 2022 में शुरू हुआ था और इसे 2030 तक पूरा करने का लक्ष्य रखा गया था.

पिछले सप्ताह अमेरिका ने बुशहर परमाणु ऊर्जा संयंत्र के आसपास के क्षेत्र पर भी हमला किया था और Monday को भी अलग-अलग इलाकों को निशाना बनाया. संघर्ष के शुरुआती 38 दिनों के दौरान अमेरिका ने ईरान के कई परमाणु रिएक्टरों और अनुसंधान केंद्रों को भी निशाना बनाया.

वर्ष 2026 में किसी परमाणु ऊर्जा संयंत्र पर यह पहला प्रत्यक्ष हमला माना जा रहा है. इससे पहले जून 2025 में अमेरिका ने नतांज, फोर्दो और इस्फहान स्थित ईरानी परमाणु सुविधाओं पर हमले किए थे, लेकिन डार्खोविन पर हमला पहली बार है जब किसी परमाणु ऊर्जा संयंत्र को सीधे निशाना बनाया गया.

ईरान के परमाणु ऊर्जा संगठन (एईओआई) ने Sunday (19 जुलाई) को दावा किया कि अमेरिकी सेना ने उनके एक बड़े न्यूक्लियर पावर प्लांट को निशाना बनाया. दक्षिण-पश्चिमी प्रांत खुजेस्तान में बन रहे दारखोविन न्यूक्लियर पावर प्लांट पर कई प्रोजेक्टाइल दागे गए, जिनमें मिसाइलें और रॉकेट शामिल थे. ईरान की परमाणु एजेंसी ने इस हमले की कड़ी निंदा की और इसे अमेरिकी Government की गुंडागर्दी और अंतरराष्ट्रीय कानून का घोर उल्लंघन बताया.

इस बीच, Monday को ईरान ने कहा कि अमेरिका के खिलाफ उसकी जवाबी कार्रवाई नहीं रुकेगी. ईरानी अधिकारियों के मुताबिक, जब तक अमेरिका की ओर से हवाई हमले जारी रहेंगे, तब तक ईरान भी उसके सैन्य ठिकानों को निशाना बनाता रहेगा. ईरान के अनुसार, यह उसकी सुरक्षा नीति का हिस्सा है और वह अमेरिकी हमलों का जवाब देने से पीछे नहीं हटेगा.

ईरान के दक्षिणी शहर बुशहर में कई जगहों पर हमला हुआ है. कितना नुकसान हुआ है, इसका आकलन किया जा रहा है. मेहर न्यूज एजेंसी को गवर्नर ने बताया कि हमलों का दायरा कितना बड़ा है और कितना नुकसान हुआ है, इसका आकलन किया जा रहा है. फिलहाल प्रभावित इलाकों से विस्तृत जानकारी जुटाई जा रही है.

केआर/