भारत का यूपीआई वियतनाम के फास्ट पेमेंट सिस्टम से जुड़ेगा, लेनदेन होगा आसान: पीएम मोदी

Mumbai , 6 मई . India का यूनिफाइड पेमेंट इंटरफेस (यूपीआई) जल्द ही वियतनाम के फास्ट पेमेंट सिस्टम से जुड़ेगा. यह जानकारी वियतनाम के President तो लाम से द्विपक्षीय वार्ता के बाद Prime Minister Narendra Modi की ओर से दी गई.

इसके लिए भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) और स्टेट बैंक ऑफ वियतनाम (एसबीवी) के बीच समझौता ज्ञापन भी हस्ताक्षर हुए है, जिसके तहत दोनों देशों के केंद्रीय बैंक पेमेंट सिस्टम और डिजिटल पेमेंट इनोवेशन में सहयोग करेंगे.

Prime Minister मोदी ने कहा,”India और वियतनाम ने फाइनेंशियल कनेक्टिविटी को बढ़ाने के लिए केंद्रीय बैंकों के बीच सहयोग बढ़ाने का फैसला लिया है. इसके तहत India का यूपीआई और फास्ट पेमेंट सिस्टम जल्द ही लिंक होंगे.”

इसके अलावा, India और वियतनाम ने द्विपक्षीय व्यापार को 2030 तक 25 अरब डॉलर तक ले जाने का लक्ष्य रखा है.

पीएम मोदी ने कहा,”महत्वपूर्ण खनिजों, दुर्लभ पृथ्वी धातुओं और ऊर्जा सहयोग में नई पहलों के माध्यम से, हम दोनों देशों की आर्थिक सुरक्षा और आपूर्ति श्रृंखला की मजबूती सुनिश्चित करेंगे, क्योंकि दोनों देशों ने अपने संबंधों को कॉम्प्रिहेंसिव स्ट्रैटेजिक पार्टनशिप के जरिए आगे बढ़ाने का फैसला किया है.

यूपीआई वर्तमान में संयुक्त अरब अमीरात (यूएई), सिंगापुर, भूटान, नेपाल, श्रीलंका, फ्रांस, मॉरीशस और कतर सहित आठ से अधिक देशों में उपलब्ध है, जिससे India डिजिटल भुगतान के क्षेत्र में वैश्विक स्तर पर अग्रणी बन गया है. यूपीआई की बढ़ती अंतरराष्ट्रीय पहुंच से प्रेषण में वृद्धि हो रही है, वित्तीय समावेशन को बढ़ावा मिल रहा है और वैश्विक फिनटेक परिदृश्य में India की स्थिति मजबूत हो रही है.

यूपीआई लेनदेन की संख्या अप्रैल में सालाना आधार पर 25 प्रतिशत बढ़कर 22.35 अरब हो गई है. वहीं, इनकी वैल्यू सालाना आधार पर 21 प्रतिशत बढ़कर 29.03 लाख करोड़ रुपए हो गई है.

यूपीआई ने 2016 में लॉन्च होने के बाद से अब तक का सबसे अधिक मासिक लेनदेन 22.64 अरब दर्ज किया है.

वित्त मंत्रालय के अनुसार, India के प्रमुख डिजिटल भुगतान प्लेटफॉर्म ने पिछले एक दशक में लेनदेन की मात्रा में लगभग 12,000 गुना की असाधारण वृद्धि दर्ज की है.

एबीएस/