कमजोर तिमाही नतीजों का असर, आईसीआईसीआई लोम्बार्ड का शेयर करीब 15 प्रतिशत लुढ़का

New Delhi, 16 जुलाई . इंश्योरेंस क्षेत्र की दिग्गज कंपनी आईसीआईसीआई लोम्बार्ड का शेयर Thursday को सुबह के सत्र में करीब 15 प्रतिशत लुढ़क गया. इसकी वजह कंपनी की ओर से वित्त वर्ष 27 की पहली तिमाही में बाजार की उम्मीद से कमजोर नतीजे पेश करना था.

शुरुआती कारोबार में शेयर नेशनल स्टॉक एक्सचेंज (एनएसई) पर 14.88 प्रतिशत की कमजोरी के साथ 1,544 रुपए के स्तर तक फिसल गया है.

हालांकि, बाद में इसमें थोड़ी रिकवरी देखी गई और खबर लिखे तक दोपहर 12 बजे यह 11.39 प्रतिशत की कमजोरी के साथ 1,607 रुपए प्रति शेयर पर था.

वित्त वर्ष 2027 की अप्रैल-जून तिमाही में प्राइवेट सेक्टर की जनरल इंश्योरेंस कंपनी का शुद्ध मुनाफा सालाना आधार पर 46 प्रतिशत गिरकर 403.17 करोड़ रुपए हो गया है, जबकि पिछले साल इसी अवधि में यह 747.08 करोड़ रुपए था.

कंपनी ने इस गिरावट की वजह अधिक क्लेम और अपने मोटर थर्ड-पार्टी पोर्टफोलियो के लिए 165 करोड़ रुपए का रिजर्व प्रोविजन बताया है.

इंश्योरेंस कंपनी ने यह भी कहा कि तिमाही के दौरान उसे आग से 63 करोड़ रुपए का बड़ा नुकसान हुआ, जिससे उसके कंबाइंड रेश्यो पर एक प्रतिशत अंक का असर पड़ा.

इसके अलावा, Supreme Court के एक फैसले का कंबाइंड रेश्यो पर 2.8 प्रतिशत अंक का बुरा असर पड़ा. नतीजतन, अंडरराइटिंग मुनाफे के एक अहम पैमाने कंबाइंड रेश्यो जून तिमाही में बढ़कर 107.2 प्रतिशत हो गया, जो एक साल पहले 102.9 प्रतिशत था.

हालांकि, मैनेजमेंट का कहना है कि आग से जुड़े पोर्टफोलियो में नुकसान के ऊंचे बने रहने की उम्मीद नहीं है. उन्होंने दोहराया कि हेल्थ इंश्योरेंस बिजनेस के लिए लॉन्ग-टर्म ग्रोथ आउटलुक मजबूत बना हुआ है, जिसमें रिटेल हेल्थ, ग्रुप हेल्थ के मुकाबले तेजी से बढ़ रहा है.

इसके अलावा, कमजोर तिमाही प्रदर्शन के बाद मोतीलाल ओसवाल फाइनेंशियल सर्विसेज के एनालिस्ट्स ने स्टॉक की रेटिंग ‘बाय’ (खरीदने की सलाह) से घटाकर ‘न्यूट्रल’ कर दी है.

लंबे समय में स्टॉक का प्रदर्शन खराब रहा है. पिछले एक साल में इसमें लगभग 20 प्रतिशत की गिरावट आई है और पिछले छह महीनों में यह 10 प्रतिशत से ज्यादा गिरा है.

एबीएस