
Ahmedabad, 21 जुलाई . Ahmedabad के रामोल इलाके में कथित तौर पर अवैध पटाखे बनाने वाली यूनिट में हुए जानलेवा धमाके के तीन दिन बाद Gujarat Police ने शहर के दो गोदामों से 39.57 करोड़ रुपये से अधिक कीमत के अवैध पटाखे जब्त किए हैं. प्रशासन पूरे जिले में विस्फोटक पदार्थों के असुरक्षित भंडारण और रखरखाव के खिलाफ कार्रवाई तेज कर रहा है.
चांगोदर Police के अनुसार, Sunday को अधिकारी मटोडा बीट इलाके में गश्त कर रहे थे, तभी उन्हें पटाखे गैरकानूनी तरीके से जमा किए जाने की विश्वसनीय जानकारी मिली.
इस जानकारी के आधार पर Police ने मोडासर चौराहे और अमाथापुरा गांव को जोड़ने वाली सड़क पर ‘अंबिका ट्रेड लिंक’ नाम से चल रहे एक गोदाम में स्वतंत्र गवाहों की मौजूदगी में तलाशी अभियान चलाया.
तलाशी के दौरान आमने-सामने बने दो गोदाम मिले, जिनमें से हर एक का आकार लगभग 70 गुणा 25 मीटर था. इनमें अलग-अलग तरह के पटाखों के 65,954 कार्टन भरे हुए थे, जिनकी अनुमानित कीमत 39,57,90,000 रुपये थी.
Police ने बताया कि प्रवेश द्वार के पास अग्निशमन यंत्र, रेत की बाल्टियां और आग बुझाने वाले पानी के पाइप मौजूद थे, लेकिन जमा किए गए विस्फोटक की मात्रा को देखते हुए आग से सुरक्षा के इंतजाम नाकाफी थे.
अधिकारियों को गोदामों में कोई वॉटर स्प्रिंकलर सिस्टम नहीं मिला. तय स्टोरेज एरिया के बाहर, टीन की छत वाले शेड के नीचे पटाखे के कार्टन भी रखे हुए मिले. इनके सामने एक मोटा कपड़ा डाला गया था.
Police के मुताबिक, आग लगने या धमाका होने की स्थिति में इससे इंसानों की जान, आस-पास रहने वाले लोगों और आस-पास की प्रॉपर्टी के लिए “गंभीर खतरा” पैदा हो सकता था.
इस मामले में दो लोगों के नाम सामने आए हैं. पहला नाम अमितकुमार मोदी का है, जो Ahmedabad शहर में सैटेलाइट Police स्टेशन के सामने सत्याग्रह सोसाइटी में रहते हैं. Police ने उन्हें लाइसेंस होल्डर और इस कारोबार के लिए जिम्मेदार व्यक्ति बताया है.
दूसरा नाम किशन पटेल (29) का है, जो बावला तालुका के दहेगामडा गांव के रहने वाले हैं. वे घटना वाली जगह पर मौजूद थे और उन पर वेयरहाउस का मैनेजमेंट और स्टॉक की देखरेख करने का आरोप है. दोनों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया है.
Police ने कहा कि जांच जारी है ताकि फर्म की कानूनी स्थिति का पता लगाया जा सके, दूसरे ज़िम्मेदार लोगों की पहचान की जा सके, लाइसेंस की वैधता की जांच की जा सके, मंजूर की गई स्टोरेज क्षमता और बिल्डिंग प्लान को देखा जा सके, और ज़रूरी सुरक्षा शर्तों के पालन का आकलन किया जा सके.
जांच के दौरान मिले सबूतों के आधार पर और भी कानूनी प्रावधान लागू किए जा सकते हैं.
यह कार्रवाई Ahmedabad के रामोल इलाके में Saturday दोपहर कथित तौर पर अवैध पटाखे बनाने वाली यूनिट में हुए धमाके के बाद अवैध पटाखे बनाने और उनके स्टोरेज के खिलाफ बड़े पैमाने पर की जा रही कार्रवाई के तहत की गई है.
इस धमाके में कम से कम 10 लोगों की मौत हो गई, जिनमें तीन बच्चे भी शामिल थे. Monday को एक और पीड़ित की जलने से हुई चोटों के कारण मौत हो गई.
इस मामले में तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है और घटना की जांच के लिए एक स्पेशल इन्वेस्टिगेशन टीम (एसआईटी) बनाई गई है.
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ओपी/पीएम
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