गिरिराज सिंह का दावा- ‘कुरान में गोवंश की कुर्बानी का जिक्र नहीं, खाड़ी देशों में वध पर रोक की चर्चा’

Patna, 24 मई . Union Minister गिरिराज सिंह ने Sunday को उन खबरों पर प्रतिक्रिया व्यक्त की, जिनमें कहा गया था कि सऊदी अरब गोवंश और ऊंटों सहित कुछ जानवरों की कुर्बानी पर प्रतिबंध लगा रहा है. इसके साथ ही उन्होंने केंद्र Government पर राहुल गांधी की टिप्पणियों को लेकर निशाना साधा है.

Union Minister गिरिराज सिंह ने समाचार एजेंसी से बातचीत करते हुए दावा किया कि कुछ खाड़ी देशों में बड़े जानवरों के वध पर प्रतिबंध लगाने के संबंध में चर्चा चल रही है.

उन्होंने कहा, “वे अरब मुसलमान हैं, सच्चे मुसलमान हैं, वे धर्मांतरित मुसलमान नहीं हैं. कुरान में कहीं भी गोवंश की कुर्बानी का जिक्र नहीं है और India में यह अनावश्यक विवाद खड़ा किया जा रहा है.”

उन्होंने यह भी दावा किया कि भारत, Pakistan और बांग्लादेश में धर्म परिवर्तित मुसलमान हैं. उन्होंने आरोप लगाया कि India में कुछ समूह हिंदू भावनाओं को ठेस पहुंचाने के लिए गोहत्या का मुद्दा उठाते हैं. उन्होंने आगे कहा, “हिंदू गायों की पूजा करते हैं, इसलिए उन्होंने ऐसा करना शुरू कर दिया.”

Union Minister ने इस बात पर जोर दिया कि मवेशियों के वध में कानूनी प्रावधानों का सख्ती से पालन किया जाना चाहिए और उन्होंने बिहार Government सहित राज्य के अधिकारियों से उल्लंघन करने वालों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करने का आग्रह किया.

उन्होंने सार्वजनिक मवेशी वध प्रथाओं को विनियमित करने के लिए कुछ राज्यों की प्रशंसा भी की.

उन्होंने कहा, “मैं उत्तर प्रदेश, उत्तराखंड और पश्चिम बंगाल के मुख्यमंत्रियों को सड़कों पर मवेशियों के वध पर प्रतिबंध लगाने के लिए धन्यवाद देना चाहता हूं.”

गिरिराज सिंह ने विपक्षी दलों पर चुनावी लाभ के लिए तुष्टीकरण की राजनीति अपनाने का भी आरोप लगाया और दावा किया कि ऐसी राजनीति ने बार-बार होने वाले सामाजिक और धार्मिक तनावों में योगदान दिया है.

एक अलग टिप्पणी में राहुल गांधी के इस दावे पर प्रतिक्रिया देते हुए कि एनडीए Government एक साल के भीतर गिर जाएगी, Union Minister ने इस भविष्यवाणी को खारिज कर दिया और कांग्रेस नेता की विश्वसनीयता पर सवाल उठाया.

उन्होंने कहा, “अगर राहुल गांधी ज्योतिषी हैं तो उन्हें पहले अपने भविष्य के बारे में बात करनी चाहिए.”

उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि राहुल गांधी वित्तीय खुलासों से संबंधित सवालों से ध्यान भटकाने की कोशिश कर रहे थे, जिसमें कथित तौर पर 11 करोड़ रुपए की आय और विदेश यात्रा पर खर्च किए गए 60 करोड़ रुपए शामिल हैं.

उन्होंने Prime Minister Narendra Modi की विदेश यात्राओं का जिक्र करते हुए कहा कि Prime Minister पहले ही स्पष्ट कर चुके हैं कि ऐसी यात्राएं कच्चे तेल, गैस, सेमीकंडक्टर और रक्षा सहयोग जैसे क्षेत्रों में आधिकारिक प्रतिबद्धताओं से जुड़ी हैं.

उन्होंने आगे कहा कि वित्तीय अनियमितताओं के आरोपों का सामना करने वाले किसी भी व्यक्ति को जनता और कानून के समक्ष पारदर्शी रूप से जवाब देना चाहिए.

डीकेपी