ईडी ने मनी लॉन्ड्रिंग मामले में वीवो इंडिया और अन्य के खिलाफ पहला आरोपपत्र दाखिल किया – indias.news

नई दिल्ली, 7 दिसंबर . प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने चीनी स्मार्टफोन निर्माता वीवो और अन्य के खिलाफ मनी लॉन्ड्रिंग जांच के सिलसिले में अपनी पहली चार्जशीट दायर की है. एक सूत्र ने गुरुवार को यह जानकारी दी.

सूत्रों के मुताबिक, वित्तीय जांच एजेंसी ने बुधवार को चीनी नागरिक गुआंगवेन क्यांग उर्फ एंड्रयू कुआंग, लावा इंटरनेशनल के एमडी हरिओम राय, राजन मलिक और नितिन गर्ग, चार्टर्ड अकाउंटेंट के खिलाफ अदालत में आरोपपत्र दाखिल किया..

एक सूत्र ने बताया कि ईडी ने मामले में आरोपियों के खिलाफ 400 पन्नों की चार्जशीट दाखिल की है.

सूत्र ने कहा, अदालत 13 दिसंबर को आरोपपत्र पर संज्ञान लेगी.

ईडी ने 10 अक्टूबर को चार लोगों को गिरफ्तार किया था. तब उसने यहां एक अदालत में अपने रिमांड दस्तावेजों में दावा किया था कि चारों की कथित गतिविधियों ने वीवो इंडिया को गलत तरीके से लाभ कमाने में सक्षम बनाया जो भारत की आर्थिक संप्रभुता के लिए हानिकारक था.

ईडी ने अपने रिमांड नोट में आरोप लगाया था कि कुछ कंपनियों ने वीवो इंडिया को भारी मात्रा में फंड ट्रांसफर किया था.

ईडी ने दावा किया था, “इसके अलावा, 1,25,185 करोड़ रुपये की कुल बिक्री आय में से वीवो इंडिया ने 62,476 करोड़ रुपये यानी कारोबार का लगभग 50 प्रतिशत भारत से बाहर, मुख्य रूप से चीन को भेज दिया.”

इसमें कहा गया था, “ये प्रेषण भारत में करों के भुगतान से बचने के लिए भारतीय निगमित कंपनियों में भारी घाटे का खुलासा करने के लिए किए गए थे.”

देशभर में कई स्थानों पर तलाशी के बाद एजेंसी ने विभिन्न संस्थाओं के 119 बैंक खातों को जब्त कर लिया था, जिनमें 465 करोड़ रुपये की सकल शेष राशि थी, जिसमें वीवो इंडिया की 66 करोड़ रुपये की एफडी, 2 किलो सोने की छड़ें और नकदी शामिल थी. ईडी ने कहा था कि यह लगभग 73 लाख रुपये है.

एसजीके