
Mumbai , 3 जुलाई . Maharashtra Government में सामान्य प्रशासन विभाग के प्रभारी मंत्री आशीष शेलार ने Friday को विधानसभा में घोषणा की कि सरकारी कर्मचारियों के तबादलों को व्यवस्थित करने, सरकारी फाइलों के तेजी से निपटारे और प्रशासनिक कार्यों में पारदर्शिता बढ़ाने के लिए Maharashtra विधानमंडल के दोनों सदनों के सदस्यों की एक समिति गठित की जाएगी.
वरिष्ठ विधायक सुधीर मुनगंटीवार ने विधानसभा में Maharashtra सरकारी कर्मचारी तबादला विनियमन और शासकीय कार्यों के निपटारे में देरी की रोकथाम (संशोधन) विधेयक, 2025 (Maharashtra विधानसभा विधेयक क्रमांक 16, 2025) पेश किया.
विधेयक पेश करते हुए मुनगंटीवार ने सुझाव दिया कि सरकारी कर्मचारियों के तबादले निर्धारित समय-सीमा के भीतर ही किए जाएं. उन्होंने यह भी कहा कि तबादला प्रक्रिया को अधिक निष्पक्ष और प्रभावी बनाने के लिए आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई) का उपयोग किया जाना चाहिए.
उन्होंने तबादला प्रक्रिया का अध्ययन करने और उसे अधिक व्यवस्थित बनाने के लिए एक समिति गठित करने की भी मांग की.
इसके अलावा मुनगंटीवार ने मंत्रालय (मंत्रालय भवन) में लंबित फाइलों के निपटारे में तेजी लाने की आवश्यकता पर जोर दिया. उन्होंने सुझाव दिया कि मंत्रियों के कार्यालयों में लंबित फाइलों का निपटारा अधिकतम 45 दिनों के भीतर किया जाना चाहिए.
चर्चा का जवाब देते हुए मंत्री आशीष शेलार ने कहा कि सरकारी कर्मचारियों के तबादलों में पारदर्शिता लाने के उद्देश्य से राज्य Government ने वर्ष 2005 में कानून बनाया था, जिसमें समय-समय पर संशोधन भी किए गए हैं.
उन्होंने बताया कि सरकारी कर्मचारियों के कार्य प्रदर्शन के मूल्यांकन के लिए गोपनीय रिपोर्ट (कॉन्फिडेंशियल रिपोर्ट) प्रणाली लागू की गई है.
प्रशासन के आधुनिकीकरण की दिशा में Government द्वारा किए जा रहे प्रयासों का उल्लेख करते हुए शेलार ने कहा कि कार्यकुशलता, पारदर्शिता और कार्यों की गति बढ़ाने के लिए Government ने पहले से ही एआई का उपयोग शुरू कर दिया है.
उन्होंने कहा कि तबादला प्रक्रिया को और अधिक पारदर्शी बनाने तथा फाइलों के त्वरित निपटारे को सुनिश्चित करने के लिए विधानमंडल के दोनों सदनों के सदस्यों की एक समिति गठित की जाएगी. यह समिति पूरे मामले का अध्ययन कर अपनी सिफारिशें Government को सौंपेगी.
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एएमटी/एमएस
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