
गोरखपुर, 5 मई . उत्तर प्रदेश के गोरखपुर में शिक्षामित्र सम्मान समारोह के दौरान Chief Minister योगी आदित्यनाथ ने मानदेय बढ़ोतरी के फैसले को Government की संवेदनशीलता का उदाहरण बताते हुए शिक्षामित्रों को सकारात्मक सोच और जिम्मेदारी के साथ काम करने की नसीहत दी.
उन्होंने कहा कि संवाद के जरिए समाधान संभव है, जबकि टकराव की राजनीति समाज और शिक्षा व्यवस्था को नुकसान पहुंचाती है. Chief Minister योगी ने Tuesday को गोरखपुर में आयोजित शिक्षामित्र सम्मान समारोह में कहा कि वर्षों से लंबित मांगों को उनकी Government ने संवेदनशीलता के साथ हल किया है, लेकिन इसके लिए टकराव नहीं, बल्कि संवाद का रास्ता अपनाना जरूरी है.
सीएम योगी ने कहा कि पूर्ववर्ती Governmentों ने नियमों का उल्लंघन करते हुए शिक्षामित्रों को सहायक शिक्षक बनाने का प्रयास किया, जो विधि विरुद्ध था. इस पर Supreme Court के आदेश के बाद शिक्षामित्रों की सेवाएं समाप्त होने का संकट खड़ा हो गया था. उनकी Government के सामने डेढ़ लाख परिवारों के सामने रोजी-रोटी का गंभीर संकट था.
उन्होंने आगे बताया कि उनकी Government ने 2017 में शिक्षामित्रों की सेवाएं समाप्त करने के बजाय उन्हें बनाए रखने का निर्णय लिया और उनका मानदेय 3,500 रुपए से बढ़ाकर 10,000 रुपए किया. उन्होंने यह भी कहा कि Government समय-समय पर मानदेय बढ़ाने की इच्छुक थी, लेकिन कुछ लोगों ने शिक्षामित्रों के बीच भ्रम और शोषण की स्थिति पैदा की.
Chief Minister ने शिक्षामित्रों को संबोधित करते हुए कहा कि शिक्षक का दायित्व केवल पढ़ाना नहीं, बल्कि समाज की दिशा तय करना भी है. नकारात्मक सोच समाज के लिए घातक हो सकती है, जबकि सकारात्मक दृष्टिकोण से बेहतर पीढ़ी का निर्माण संभव है. एक बच्चे का स्कूल छोड़ना राष्ट्रीय क्षति है. Government ने बालिकाओं की शिक्षा को ध्यान में रखते हुए स्कूलों में पेयजल, शौचालय और सुरक्षा जैसी मूलभूत सुविधाओं को प्राथमिकता दी है. साथ ही, 1.60 करोड़ से अधिक बच्चों को यूनिफॉर्म, बैग, किताबें, जूते, मोजे और स्वेटर जैसी सुविधाएं उपलब्ध कराई जा रही हैं, जो 2017 से पहले संभव नहीं था.
सीएम योगी ने कहा कि शिक्षामित्रों को ट्रेड यूनियन की प्रवृत्ति से दूर रहना चाहिए, क्योंकि इससे समाज को नुकसान होता है. उन्होंने कहा कि ‘पहले देश, तब हम’ की भावना के साथ कार्य करने पर ही समाज और राष्ट्र दोनों सुरक्षित रह सकते हैं. Chief Minister ने ‘स्कूल चलो अभियान’ का उल्लेख करते हुए बताया कि पहले चरण में 20 लाख से अधिक बच्चों का नामांकन हुआ है, जो एक बड़ी उपलब्धि है. उन्होंने आगामी चरण में इस संख्या को और बढ़ाने की आवश्यकता पर जोर दिया.
इस अवसर पर Chief Minister ने गोरखपुर में विकास कार्यों का जिक्र करते हुए कहा कि 2017 से पहले शहर की छवि खराब थी, लेकिन अब यहां सुरक्षा, निवेश और रोजगार के नए अवसर विकसित हुए हैं. उन्होंने बताया कि गीडा क्षेत्र में उद्योगों के माध्यम से 50 हजार से अधिक युवाओं को रोजगार मिला है.
–
विकेटी/एसके
Skip to content