ब्रिटिश स्टील राष्ट्रीयकरण पर चीन का कड़ा विरोध

बीजिंग, 17 जुलाई . चीनी वाणिज्य मंत्रालय के एक प्रवक्ता ने ब्रिटिश स्टील के राष्ट्रीयकरण को लेकर एक पत्रकार के सवाल का जवाब देते हुए साफ कहा कि चीन ब्रिटिश Government के इस फैसले का कड़ा विरोध करता है और इससे बेहद नाराज है.

एक पत्रकार ने पूछा कि 16 जुलाई को ब्रिटिश Government ने एलान किया कि उसने चीन के चिंगये ग्रुप की अधीनस्थ कंपनी ब्रिटिश स्टील के राष्ट्रीयकरण के लिए जरूरी कानून पारित कर दिया है. इस पर चीन की क्या प्रतिक्रिया है?

प्रवक्ता ने बताया कि चिंगये द्वारा अधिग्रहण से पहले ब्रिटिश स्टील कई सालों से घाटे में चल रही थी. अधिग्रहण के बाद चिंगये ने कंपनी में अच्छी-खासी पूंजी लगाई, जिससे उसका कामकाज चलता रहा और रोजगार भी बच सके. ब्रिटेन ने चिंगये के ब्रिटिश अर्थव्यवस्था और समाज में दिए गए अहम योगदान को नजरअंदाज करते हुए राष्ट्रीय सुरक्षा के नाम पर जबरदस्ती ब्रिटिश स्टील का अधिग्रहण कर उसका राष्ट्रीयकरण कर दिया. इससे चिंगये के जायज अधिकार और हितों को भारी नुकसान पहुंचा है और ब्रिटेन में निवेश को लेकर चीनी कंपनियों का भरोसा भी बुरी तरह टूटा है.

प्रवक्ता ने आगे कहा कि चीन ब्रिटेन Government से अपील करता है कि वह संबंधित अंतरराष्ट्रीय नियमों का पालन करे, चीन-ब्रिटेन निवेश संरक्षण समझौते के तहत अपने दायित्वों को ईमानदारी से निभाए, ब्रिटेन में काम कर रही चीनी कंपनियों के साथ निष्पक्ष और न्यायसंगत व्यवहार करे और उनके जायज अधिकारों व हितों की पूरी रक्षा करे. चीन इस मामले की आगे की प्रगति पर बारीकी से नजर रखेगा, चीनी कंपनियों को उनके अधिकार बचाने के लिए कानूनी रास्ते अपनाने में मदद करेगा और उनके हितों की रक्षा के लिए सख्त कदम उठाएगा.

(साभार- चाइना मीडिया ग्रुप, पेइचिंग)

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