केंद्र सरकार ने दूरसंचार कंप‎नियों को दी राहत

नई दिल्ली (New Delhi) . केंद्र सरकार (Central Government)ने टेलीकॉम सेक्टर को राहत देने के लिए गुरुवार (Thursday) को एक राहत पैकेज की घोषणा की है. मोदी सरकार के राहत पैकेज के हिसाब से स्पेक्ट्रम और एग्री पेमेंट से संबंधित ड्यूज चुकाने के लिए अब देश में कारोबार कर रही टेलीकॉम कंपनियों को 4 साल की अतिरिक्त अवधि दे दी गई है. जानकारों का कहना है कि केंद्र सरकार (Central Government)का राहत पैकेज टेलीकॉम कंपनियों के सालाना कैश आउट फ्लो को सुधारने में मदद कर सकता है. इससे वोडाफोन आइ‎डिया जैसी कर्ज से जूझ रही कंपनियों को सरकार के पैकेज से बहुत राहत मिलने की उम्मीद है. अगर केंद्र सरकार (Central Government)के टेलीकॉम राहत पैकेज की बात करें तो इसमें लंबी अवधि में टेलिकॉम कारोबार सुधारने के उपाय भी शामिल हैं. केंद्र सरकार (Central Government)ने भविष्य में स्पेक्ट्रम खरीद पर एसयूसी चार्ज समाप्त करने का ऐलान किया है. इसके साथ ही एडजेस्टेड ग्रॉस रेवेन्यू (एजीआर) की परिभाषा बदलने की कोशिश की है और बैंक (Bank) गारंटी की रकम में कमी की है1 जानकारों का मानना है कि केंद्र सरकार (Central Government)के इस राहत पैकेज से वोडाफोन आइ‎डिया जैसी कंपनियों की बैलेंस शीट या प्रॉफिट-लॉस पर बहुत असर अधिक असर पड़ने की आशंका नहीं है.

केंद्र सरकार (Central Government)के राहत पैकेज के बाद भी वोडाफोन आइडिया को 4 साल के बाद अपना कर्ज चुकाने की जरूरत पड़ेगी. इसके साथ ही 4 साल के मोरटोरियम की अवधि के लिए भी उसे ब्याज चुकाना पड़ेगा. कंप‎नियों को बैंक (Bank) से लिए कर्ज पर ब्याज चुकाने के लिए इक्विटी के रूप में अनुमति दी जा सकती है, लेकिन विश्लेषकों का कहना है कि इससे इक्विटी वैल्यू क्रिएशन में कोई मदद नहीं मिल सकती. सरकार ने देश में कारोबार कर रही टेलिकॉम कंपनियों की बैलेंस शीट या प्रॉफिट एंड लॉस के मामले में कोई राहत नहीं दिया है. इससे टेलीकॉम कंपनियों को इक्विटी वैल्यू क्रिएशन में मदद मिलने की उम्मीद नहीं है.
 

Check Also

एक बार चार्ज करने पर 700 किमी चलेगी नेक्स्ट जेनरेशन बीएमडब्ल्यू-3 सिरीज इलेक्ट्रिक कार

नई दिल्ली (New Delhi) . इलेक्ट्रिक कारें फ्यूचर मोबिलिटी के सबसे बड़े साधन के रूप …