
New Delhi, 4 जुलाई . केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (सीबीआई) ने रेलवे टेंडरों में कथित भ्रष्टाचार और रिश्वतखोरी के एक बड़े मामले में बड़ी कार्रवाई करते हुए नॉर्दर्न रेलवे (मुख्यालय) के एक चीफ मैटेरियल्स मैनेजर, एक सीनियर क्लर्क और एक निजी व्यक्ति को गिरफ्तार किया है. जांच एजेंसी ने आरोप लगाया है कि रेलवे टेंडर दिलाने के बदले निजी कंपनी से अवैध रिश्वत ली जा रही थी.
सीबीआई की ओर से Saturday को जारी प्रेस नोट के अनुसार, इस मामले में 3 जुलाई को मामला दर्ज किया गया था. First Information Report में कुल छह आरोपियों को नामजद किया गया है. इनमें नॉर्दर्न रेलवे मुख्यालय के चीफ मैटेरियल्स मैनेजर, डिप्टी चीफ मैटेरियल्स मैनेजर, सीनियर क्लर्क, एक निजी कंपनी और उसके दो प्रतिनिधि शामिल हैं. इसके अलावा कुछ अन्य अज्ञात सरकारी अधिकारियों और निजी व्यक्तियों की भूमिका की भी जांच की जा रही है.
सीबीआई के अनुसार, प्रारंभिक जांच में सामने आया कि नॉर्दर्न रेलवे मुख्यालय के कुछ अधिकारी निजी कंपनी के प्रतिनिधियों के साथ मिलीभगत कर भ्रष्टाचार में लिप्त थे. आरोप है कि ये अधिकारी निर्धारित सरकारी खरीद प्रक्रिया और नियमों का उल्लंघन करते हुए संबंधित निजी कंपनी को रेलवे के टेंडर दिलाने में अनुचित लाभ पहुंचा रहे थे. इसके बदले कंपनी की ओर से उन्हें रिश्वत दी जा रही थी.
सीबीआई ने मामले में ट्रैप ऑपरेशन भी चलाया. कार्रवाई के दौरान निजी कंपनी के प्रतिनिधि द्वारा नॉर्दर्न रेलवे के चीफ मैटेरियल्स मैनेजर को एक लाख रुपये की रिश्वत दी जा रही थी. मौके से यह पूरी रकम बरामद कर ली गई.
इसके बाद सीबीआई ने दो सरकारी कर्मचारियों और रिश्वत देने वाले निजी व्यक्ति को गिरफ्तार कर लिया.
गिरफ्तारी के बाद सीबीआई ने दिल्ली, गाजियाबाद, बुलंदशहर और Kanpur समेत कई स्थानों पर एक साथ तलाशी अभियान चलाया. छापेमारी के दौरान जांच एजेंसी को कई महत्वपूर्ण दस्तावेज, डिजिटल उपकरण और अन्य आपत्तिजनक सामग्री मिली है, जिन्हें जांच के लिए जब्त कर लिया गया है. इस मामले में आगे की जांच जारी है.
–
Skip to content