
मोतिहारी, 11 जून . बिहार के पूर्वी चंपारण जिले के रामगढ़वा थाना क्षेत्र में 23 मई को हुई अर्जुन पंडित की हत्या के मामले में Police ने Thursday को तीन लोगों को गिरफ्तार कर इस मामले का खुलासा कर दिया.
Police ने इस मामले का खुलासा करते हुए दावा किया कि अवैध संबंध को लेकर हुए विवाद के कारण हत्या की वारदात को अंजाम दिया गया था. Police के मुताबिक, 23 मई की अहले सुबह पचभिड़िया गांव के समीप एक बगीचे से अर्जुन पंडित का शव बरामद किया गया था.
Police इस मामले को लेकर अज्ञात लोगों के विरुद्ध हत्या की प्राथमिकी दर्ज कर जांच शुरू की गई. लेकिन यह केस पूरी तरह ब्लाइंड था. पूरे मामले की जांच के लिए Police अधीक्षक स्वर्ण प्रभात ने अनुमंडल Police पदाधिकारी मनीष आनंद के निर्देशन और थानाध्यक्ष राजीव कुमार साह के नेतृत्व में गठित टीम ने कॉल डिटेल रिकॉर्ड और अन्य तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर जांच को आगे बढ़ाया. Police के सामने गांव के ही धनेश महतो का नाम आया.
Police ने तत्काल धनेश महतो को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू की तो पूरे मामले का भंडाफोड़ हो गया. पूछताछ में उन्होंने स्वीकार किया कि उसकी पत्नी और मृतक अर्जुन पंडित के बीच कथित रूप से संबंध होने को लेकर विवाद चल रहा था.
स्वीकारोक्ति बयान में बताया गया कि उसकी पत्नी का मृतक अर्जुन पंडित के साथ लंबे समय से अवैध संबंध था, कई बार समझाने के बावजूद भी मृतक द्वारा उनके पत्नी से बार-बार बातचीत की जा रही थी. इसी विवाद के कारण उसने अपने दो ग्रामीण साथियों के साथ मिलकर हत्या की योजना बनाई. इन सभी ने अर्जुन पंडित को लोहे के रॉड से पीटकर और गला दबाकर उसकी हत्या कर दी और शव को छिपाने और खुद के बचाव में शव को गांव के समीप एक बगीचे में फेंक दिया.
बताया गया कि इस मामले में Police ने धनेश महतो, रुपेश कुमार और राजेश यादव को गिरफ्तार किया है. Police अधिकारियों के अनुसार मामले में आवश्यक कानूनी कार्रवाई की जा रही है और जांच प्रक्रिया आगे भी जारी रहेगी.
–
एमएनपी/डीकेपी
Skip to content