
Mumbai , 10 अगस्त . Maharashtra अन्न एवं औषधि प्रशासन (एफडीए) ने राज्यभर में खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता और सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए 7 से 9 अगस्त के बीच विशेष अभियान चलाया. इस दौरान दूध एवं दुग्ध उत्पाद, खाद्य तेल, पैकेज्ड पेयजल, मिठाइयों और प्रतिबंधित गुटखा-पान मसाला समेत बड़ी मात्रा में खाद्य सामग्री जब्त की गई. प्रशासन ने कई प्रतिष्ठानों के खिलाफ कार्रवाई करते हुए नोटिस जारी किए, लाइसेंस निलंबित किए और आपराधिक मामले भी दर्ज किए.
एफडीए के अनुसार, अभियान के दौरान 14,378 किलो/लीटर दूध और दुग्ध उत्पाद जब्त किए गए, जिनकी अनुमानित कीमत करीब 1.32 करोड़ रुपए है. इसके अलावा, विभिन्न खाद्य उत्पादों का करीब 28.80 लाख रुपए मूल्य का 18,455.54 किलो स्टॉक भी जब्त किया गया. राज्यभर में होटल, रेस्टोरेंट और ढाबों सहित 90 प्रतिष्ठानों की जांच की गई, जिनमें से 8 को सुधार नोटिस जारी किया गया जबकि एक प्रतिष्ठान का लाइसेंस निलंबित कर दिया गया.
बुलढाणा जिले में मलकापुर रोड स्थित रिलायंस रिटेल के एआरडी सिनेमॉल में बिक रही ‘लक्ष्मी नारायण’ ब्रांड की काजू कतली में फफूंद और जीवित कीड़े मिलने की शिकायत एफडीए को प्राप्त हुई थी. जांच के दौरान शिकायत वाले बैच का स्टॉक तो नहीं मिला, लेकिन उसी उत्पाद के दूसरे बैच के 54 बॉक्स (11.340 किलो), जिनकी कीमत 10,238 रुपए थी, जब्त कर लिए गए. नमूनों को प्रयोगशाला जांच के लिए भेजा गया है और रिपोर्ट के आधार पर आगे कार्रवाई की जाएगी.
Mumbai के मलाड पश्चिम स्थित ब्लिंक कॉमर्स प्राइवेट लिमिटेड के परिसर की जांच के दौरान एफडीए को कई गंभीर अनियमितताएं मिलीं. अधिकारियों ने परिसर में भारी गंदगी, कॉकरोच का प्रकोप, खाद्य पदार्थों का गलत तरीके से भंडारण, जंग लगे रैक, खराब कोल्ड स्टोरेज व्यवस्था तथा एक्सपायर्ड और छेड़छाड़ किए गए पैकेज्ड खाद्य पदार्थ पाए. इसके अलावा, कचरा प्रबंधन, कीट नियंत्रण, कर्मचारियों की स्वास्थ्य जांच और व्यक्तिगत स्वच्छता से जुड़े नियमों का पालन भी संतोषजनक नहीं पाया गया. इसके बाद कंपनी का खाद्य लाइसेंस तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया.
एफडीए ने बीड जिले में 6 और 7 अगस्त को पांच प्रतिष्ठानों पर छापेमारी कर 1,19,187.5 किलो खाद्य तेल जब्त किया, जिसकी कीमत करीब 1.94 करोड़ रुपए बताई गई है. सभी संबंधित प्रतिष्ठानों के एफएसएसएआई लाइसेंस तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिए गए और कुल 27 नमूने प्रयोगशाला परीक्षण के लिए भेजे गए. कार्रवाई के दौरान स्वागत ऑयल इंडस्ट्रीज से 66,652.6 किलो और चरखा ऑयल मिल से 45,995.7 किलो तेल जब्त किया गया. जांच में पुनः उपयोग किए गए टिन, लेबलिंग संबंधी गड़बड़ियां, सफाई की कमी और जरूरी रिकॉर्ड उपलब्ध न होने जैसी खामियां सामने आईं.
जलगांव में स्थित अनिता इंडस्ट्रीज से 87,320 लीटर पैकेज्ड पेयजल जब्त किए गए. जब्त किए गए स्टॉक की कीमत लगभग 8.73 लाख रुपए आंकी गई है. नागपुर के बुटीबोरी स्थित अजित डिलाइट प्राइवेट लिमिटेड में जांच के दौरान पाया गया कि रस्क के पैकेट पर कृत्रिम स्वीटनर का उल्लेख तो था, लेकिन उससे संबंधित अनिवार्य चेतावनी नहीं दी गई थी. एफडीए ने 9,827 किलो रस्क जब्त किया, जिसकी कीमत करीब 14.13 लाख रुपए है.
कोल्हापुर के वरद जैगरी में निरीक्षण के दौरान अधिकारियों को गुड़ निर्माण प्रक्रिया में स्वच्छता को लेकर गंभीर संदेह हुआ. यहां गुड़ निर्माण में उपयोग के लिए रखी गई व्हाइट क्रिस्टल शुगर भी मिली. एफडीए ने कुल 950 किलो माल, जिसकी कीमत 42,750 रुपए थी, जब्त कर लिया.
प्रतिबंधित गुटखा, पान मसाला और अन्य तंबाकू उत्पादों के खिलाफ विशेष अभियान में 10 प्रतिष्ठानों की जांच की गई. एफडीए ने 8 First Information Report दर्ज कर 11 लोगों को गिरफ्तार किया और 63,206.50 रुपए मूल्य का प्रतिबंधित माल जब्त किया. कोकण, पुणे, नाशिक और नागपुर क्षेत्रों में की गई कार्रवाई के दौरान 7 प्रतिष्ठानों को सील भी किया गया.
एफडीए आयुक्त तुकाराम मुंढे ने कहा कि राज्य में खाद्य सुरक्षा और गुणवत्ता के नियमों का कड़ाई से पालन कराया जाएगा. उन्होंने स्पष्ट किया कि आम लोगों के स्वास्थ्य के साथ किसी भी प्रकार का खिलवाड़ बर्दाश्त नहीं किया जाएगा और मिलावटी या प्रतिबंधित खाद्य पदार्थों के उत्पादन, भंडारण और बिक्री के खिलाफ आगे भी सख्त कार्रवाई जारी रहेगी.
–
एएमटी/एबीएम
Skip to content