
New Delhi, 7 जुलाई . केंद्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) ने सीमा सड़क संगठन (बीआरओ) के फंड का गलत इस्तेमाल करने के आरोप में 3 लोगों को गिरफ्तार किया है. आरोपियों में लद्दाख में बीआरओ के एक असिस्टेंट इंजीनियर (सिविल) और कारगिल के दो लेबर सप्लाई एजेंट शामिल हैं.
गिरफ्तार असिस्टेंट इंजीनियर, बीआरओ के 81 आरसीसी के तहत खात्से-बटालिक सेक्टर के इंचार्ज थे. असिस्टेंट इंजीनियर ने दो मैनपावर सप्लाई एजेंटों के साथ मिलकर असल में मौजूद न होने वाले मजदूरों के नाम पर बीआरओ के फंड का गलत इस्तेमाल किया और एजेंटों ने वह रकम उनके अकाउंट में जमा करवा दी.
सीबीआई ने लद्दाख में बीआरओ के अलग-अलग प्रोजेक्ट्स में फंड के गलत इस्तेमाल के सिलसिले में 4 First Information Report दर्ज की हैं. Monday को 26 जगहों पर तलाशी ली थी, जिसमें जम्मू-कश्मीर, लद्दाख, दिल्ली, Haryana, उत्तराखंड, उत्तर प्रदेश, बिहार, Maharashtra, असम, अरुणाचल प्रदेश और नगालैंड के 26 ठिकानें शामिल थीं.
इसी सिलसिले में Tuesday को Himachal Pradesh में भी एक और तलाशी ली गई है. वहीं, गिरफ्तार आरोपियों को सभी कानूनी औपचारिकताएं पूरी करने के बाद लद्दाख की संबंधित अदालत में पेश किया जा रहा है.
ये मामले रक्षा मंत्रालय की शिकायतों के आधार पर दर्ज किए गए हैं. इन मामलों में भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत सरकारी कर्मचारियों द्वारा आपराधिक कदाचार और रिश्वतखोरी के आरोप एवं आईपीसी के तहत साजिश, धोखाधड़ी, आपराधिक विश्वासघात और जालसाजी जैसे अपराधों के आरोप शामिल हैं.
First Information Report में कुल 10 अधिकारियों (जिनमें लेफ्टिनेंट कर्नल और मेजर रैंक के अधिकारी और इंजीनियर शामिल हैं) और कुछ प्राइवेट लोगों के नाम शामिल हैं.
सीबीआई को विभिन्न जगहों पर की गई तलाशी के दौरान कई अहम दस्तावेज और डिजिटल सबूत बरामद किए गए. सीबीआई इस मामले में तेजी से जांच करने के लिए प्रतिबद्ध है. इसी के साथ सीबीआई की ओर से आगे की जांच जारी है.
–
डीके/
Skip to content