अमेरिका ने डेडलाइन खत्म होने से पहले ही छोड़ा अफगानिस्तान, कतर में शिफ्ट किया कूटनीतिक मिशन

वॉशिंगटन . अमेरिकी सैनिकों के देश छोड़ने के लिए तय की गई डेडलाइन से पहले ही अमेरिका ने अफगानिस्तान छोड़ दिया. अमेरिका के आखिरी विमान सी-17 ग्लोबमास्टर ने 30 अगस्त दोपहर 3.29 बजे काबुल के हामिद करजई एयरपोर्ट से उड़ान भरी. इसके साथ ही अमेरिका के सभी सैनिक और कूटनीतिक मिशन से जुड़े लोग वापस लौट गए हैं. अमेरिकी ने अफगानिस्तान में अपनी राजनयिक उपस्थिति को भी खत्म कर दिया है.

काबुल से आखिरी अमेरिकी विमान के उड़ने के बाद जो बाइडेन ने कहा-अब अफगानिस्तान में हमारी 20 साल की सैन्य उपस्थिति खत्म हो गई है. मैं अपने कमांडरों को धन्यवाद देना चाहता हूं कि बिना किसी और अमेरिकी की जान गंवाए उन्होंने अफगानिस्तान से खतरनाक निकासी को पूरा किया, जैसा कि 31 अगस्त सुबह की डेडलाइन निर्धारित की गई थी.
बाइडेन ने आगे कहा- पिछले 17 दिनों में हमारे सैनिकों ने अमेरिकी इतिहास में सबसे बड़े एयरलिफ्ट को अंजाम दिया. उन्होंने 1,20,000 से अधिक अमेरिकी नागरिकों, हमारे सहयोगियों के नागरिकों और संयुक्त राज्य अमेरिका के अफगान सहयोगियों को सुरक्षित निकाला है. जो बाइडेन ने कहा- मैंने अपने विदेश मंत्री से कहा है कि वे अपने अंतरराष्ट्रीय सहयोगियों के साथ लगातार को-ऑर्डिनेट करें ताकि किसी भी अमेरिकी, अफगान भागीदारों और विदेशी नागरिकों के लिए सुरक्षित मार्ग सुनिश्चित किया जा सके जो अफगानिस्तान छोड़ना चाहते हैं.

अमेरिकी राष्ट्रपति जो बाइडेन ने कहा योजना के अनुसार अफगानिस्तान में हमारे एयरलिफ्ट मिशन को समाप्त करने के लिए वहां ग्राउंड पर मौजूद हमारे सभी कमांडरों और जॉइंट्स चीफ्स की सर्वसम्मत सिफारिश थी. अफगानिस्तान में अपनी सैन्य उपस्थिति खत्म करने के अलावा अमेरिका ने अफगानिस्तान में अपनी राजनयिक उपस्थिति को भी खत्म कर दिया और इसे कतर में शिफ्ट कर दिया है.

अमेरिकी विदेश मंत्री एंटनी ब्लिंकन ने कहा कि अमेरिका हर उस अमेरिकी की मदद करने के लिए प्रतिबद्ध है, जो अफगानिस्तान छोड़ना चाहता है. ब्लिंकन ने कहा अफगानिस्तान में अमेरिका का काम जारी है, हमारे पास एक योजना है. हम वहां शांति की स्थापना के प्रयास करते रहेंगे. यूएस जनरल केनेथ एफ मैकेंजी ने कहा कि वह अफगानिस्तान से अमेरिकी सैनिकों की वापसी के पूरा होने और अमेरिकी नागरिकों और अफगानों को निकालने के लिए सैन्य मिशन की समाप्ति की घोषणा करते हैं. जनरल मैकेंजी ने कहा कि अंतिम सी-17 विमान को हामिद करजई एयरपोर्ट से 30 अगस्त की दोपहर 3:29 बजे रवाना किया गया. अमेरिकी सेना ने वापसी के अंतिम घंटों में अफगानिस्तान की राजधानी काबुल से कुछ और लोगों को सुरक्षित निकाला. अमेरिकी सेना ने बताया कि आईएसआईएस-के ने काबुल एयरपोर्ट पर कई राकेट दागे, लेकिन इनमें कोई अमेरिकी हताहत नहीं हुआ.

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