2011 के आचार संहिता उल्लंघन मामले में लालू प्रसाद यादव सिवान अदालत में हुए पेश

Patna, 6 नवंबर . बिहार के पूर्व सीएम और राजद नेता लालू प्रसाद यादव Friday को सीवान में अपर मुख्य न्यायिक दंडाधिकारी (एसीजेएम)-I की अदालत में पेश हुए. यह मामला 2011 का है, जिसमें उन पर आदर्श आचार संहिता के उल्लंघन का आरोप है.

लगभग पांच मिनट तक चली संक्षिप्त कार्यवाही के दौरान अदालत ने उनके खिलाफ लगे आरोपों को पढ़कर सुनाया और आरोप तय करने की औपचारिक प्रक्रिया पूरी की. लालू प्रसाद के वकील कामेश्वर तिवारी ने अदालत के समक्ष अपना पक्ष रखा.

इससे पहले अदालत ने लालू प्रसाद को व्यक्तिगत रूप से पेश होने का निर्देश दिया था. कई बार पेश न होने के कारण उनके खिलाफ गैर-जमानती वारंट जारी किया गया था और अदालत ने उनकी संपत्ति कुर्क करने की प्रक्रिया शुरू करने का आदेश दिया था, हालांकि उनके वकील द्वारा यह बताए जाने के बाद कि वे स्वास्थ्य कारणों से उपस्थित नहीं हो सके थे. संपत्ति कुर्की की कार्रवाई पर रोक लगा दी गई.

अदालत के निर्देश का पालन करते हुए लालू प्रसाद Friday को व्यक्तिगत रूप से अदालत में पेश हुए.

यह मामला 2011 के बिहार विधानसभा चुनाव से जुड़ा है. 8 अक्टूबर 2011 को लालू प्रसाद राजद उम्मीदवार परमेश्वर सिंह के लिए प्रचार करने दरौंदा विधानसभा क्षेत्र गए थे. आरोप है कि वहां निषेधाज्ञा लागू होने के बावजूद उन्होंने बिना जरूरी अनुमति लिए एक जनसभा को संबोधित किया और लाउडस्पीकर का इस्तेमाल करके भाषण दिया.

तत्कालीन अंचल अधिकारी शंकर महतो ने बाद में दरौंदा थाने में लालू प्रसाद और परमेश्वर सिंह के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कराई. बाद में अदालत ने दोनों आरोपियों के खिलाफ मामले का संज्ञान लिया.

परमेश्वर सिंह का निधन हो चुका है, जबकि लालू प्रसाद के खिलाफ कार्रवाई जारी है. लालू प्रसाद Thursday शाम सीवान पहुंचे, जहां रास्ते में कई जगहों पर राजद नेताओं और पार्टी कार्यकर्ताओं ने उनका स्वागत किया. वे रात में पचरुखी के एक होटल में रुके.

उनके साथ पार्टी के कई नेता मौजूद थे, जिनमें विधान परिषद सदस्य विनोद जायसवाल और पूर्व विधायक भोला यादव शामिल थे. उनका स्वागत करने वालों में पूर्व विधानसभा अध्यक्ष अवध बिहारी चौधरी, रघुनाथपुर विधायक ओसामा साहब, पूर्व विधायक हरिशंकर यादव, राजद नेता अनवारुल हक, जिला प्रवक्ता उमेश कुमार और पार्टी नेता अरुण गुप्ता, हरेंद्र सिंह पटेल, विक्रांत सिंह, ललन यादव और रवींद्र राय शामिल थे.

–

पीआईएम/