सार्वजनिक परीक्षा में सुधार के लिए नंदन नीलेकणी की अध्यक्षता वाली टास्क फोर्स ने 13 सितंबर तक मांगे सुझाव

New Delhi, 28 अगस्त . सार्वजनिक परीक्षाओं में सुधार के लिए गठित नंदन नीलेकणी की अध्यक्षता वाली उच्च स्तरीय टास्क फोर्स (एचपीटीएफ) ने छात्रों, अभिभावकों, शिक्षकों और नागरिक समाज संगठनों सहित सभी हितधारकों से 13 सितंबर तक सुझाव मांगे हैं.

Government द्वारा गठित इस टास्क फोर्स में आधार परियोजना के प्रमुख वास्तुकार और तकनीकी विशेषज्ञ नंदन नीलेकणी के अलावा पूर्व इसरो अध्यक्ष एस. सोमनाथ, पूर्व आईबी निदेशक तपन डेका, आईआईटी मद्रास के निदेशक वी. कामकोटी, पूर्व शिक्षा सचिव अनीता करवाल और लॉजिस्टिक्स विशेषज्ञ अमृत लाल मीणा शामिल हैं.

टास्क फोर्स ने सार्वजनिक परीक्षाओं के संचालन और सुरक्षा, परीक्षा प्रणाली और मूल्यांकन पद्धति, प्रशासनिक जवाबदेही तथा परीक्षा में होने वाली अनियमितताओं की रोकथाम, पहचान और समाधान से जुड़े विषयों पर सुझाव आमंत्रित किए हैं.

इसके अलावा, सुरक्षित कंप्यूटर आधारित परीक्षा ( ), परीक्षा ढांचे के विस्तार, आधुनिक तकनीक के उपयोग और सामाजिक, आर्थिक, क्षेत्रीय तथा भाषाई समूहों के लिए अधिक सुलभ एवं समावेशी परीक्षा व्यवस्था विकसित करने को लेकर भी सुझाव मांगे गए हैं.

टास्क फोर्स सार्वजनिक परीक्षा प्रणाली को मजबूत बनाने, परीक्षा की निष्पक्षता और सुरक्षा सुनिश्चित करने, नई तकनीकों को अपनाने, परीक्षा अवसंरचना को बेहतर बनाने और छात्रों के हितों व कल्याण की रक्षा के उपायों पर विचार कर रही है.

इस पहल का उद्देश्य एक ऐसी सार्वजनिक परीक्षा व्यवस्था विकसित करना है जो मजबूत, सुरक्षित, पारदर्शी, निष्पक्ष और भविष्य की जरूरतों के अनुरूप हो.

गौरतलब है कि नंदन नीलेकणी को यह जिम्मेदारी ऐसे समय सौंपी गई है, जब हाल के महीनों में कथित पेपर लीक मामलों को लेकर देशभर में छात्र आंदोलन हुए थे. पिछले महीने धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे के बाद छात्रों का आंदोलन समाप्त हुआ था.

इस बीच, राष्ट्रीय परीक्षा एजेंसी (एनटीए) ने भी अपनी कार्यप्रणाली को मजबूत करने के लिए हाल ही में दो नए निदेशकों और एक संयुक्त निदेशक की नियुक्ति की है.

आधिकारिक आदेश के अनुसार, 2012 बैच के आईएएस अधिकारी प्रसन्ना वेंकटेश वी और 2012 बैच के आईपीएस अधिकारी रवि कुमार सिंह को एनटीए में निदेशक नियुक्त किया गया है. प्रसन्ना वेंकटेश को केंद्रीय प्रतिनियुक्ति योजना के तहत पांच वर्षों के लिए एनटीए में तैनात किया गया है.

वहीं, आंध्र प्रदेश कैडर के आईपीएस अधिकारी रवि कुमार सिंह, जिन्हें केंद्रीय गृह मंत्रालय ने केंद्रीय प्रतिनियुक्ति के लिए अनुशंसित किया था, उनको भी एनटीए में निदेशक बनाया गया है. इससे पहले वह दिल्ली Police की आर्थिक अपराध शाखा (ईओडब्ल्यू) में Police उपायुक्त के रूप में कार्य कर चुके हैं.

इसके अलावा, 2016 बैच के भारतीय राजस्व सेवा (आईआरएस) अधिकारी अमित समदरिया को चार वर्षों के लिए एनटीए में संयुक्त निदेशक (उप सचिव स्तर) नियुक्त किया गया है.

Government का मानना है कि इन कदमों से देश की परीक्षा प्रणाली को अधिक विश्वसनीय, पारदर्शी और तकनीक-सक्षम बनाने में मदद मिलेगी.

एएमटी/डीएससी