
इंफाल, 10 सितंबर . मणिपुर के Chief Minister युमनाम खेमचंद सिंह ने दिल्ली में कथित तौर पर बर्बर हमले में जान गंवाने वाले प्रसिद्ध संगीतकार और गिटार शिक्षक चोंगथाम विक्रम सिंह के परिवार को न्याय दिलाने का भरोसा दिया है. उन्होंने कहा कि इस जघन्य हत्या के दोषियों को किसी भी कीमत पर बख्शा नहीं जाएगा और उनके खिलाफ कड़ी कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी.
Chief Minister Thursday को इंफाल पश्चिम जिले के थांगमेइबंद लौरुंग प्युरेल लीकाई स्थित दिवंगत विक्रम सिंह के आवास पहुंचे और उनके माता-पिता, पत्नी तथा बेटे से मुलाकात कर शोक संवेदना व्यक्त की. उन्होंने कहा कि Government पीड़ित परिवार को हर संभव सहायता और सहयोग उपलब्ध कराएगी.
Chief Minister कार्यालय के एक वरिष्ठ अधिकारी के अनुसार, खेमचंद सिंह ने परिवार को आश्वस्त किया कि इस मामले में न्याय जरूर मिलेगा और अपराधियों को सख्त सजा दिलाई जाएगी. उन्होंने इस घटना पर गहरा दुख जताते हुए कहा कि एक निर्दोष और सम्मानित संगीत शिक्षक की इस तरह हत्या होना बेहद पीड़ादायक है.
54 वर्षीय चोंगथाम विक्रम सिंह दिल्ली के किलोकरी गांव स्थित अपने आवास पर कथित रूप से हुए बर्बर हमले में गंभीर रूप से घायल हो गए थे. उपचार के दौरान 7 सितंबर को उनकी मौत हो गई. उनके परिवार में पत्नी, बेटा और माता-पिता हैं.
Chief Minister के दौरे के दौरान थांगमेइबंद विधानसभा क्षेत्र के विधायक खुमुकचाम जोयकिशन सिंह भी मौजूद रहे. विक्रम सिंह का अंतिम संस्कार Wednesday को इंफाल में किया गया, जब उनका पार्थिव शरीर दिल्ली से दोपहर के समय इंफाल लाया गया.
मृतक के भाई चोंगथाम विवेक ने मीडिया से कहा कि विक्रम सिंह की मौत से परिवार ही नहीं, बल्कि पूरे मणिपुर और संगीत जगत को गहरा आघात पहुंचा है. उन्होंने दोषियों को कड़ी से कड़ी सजा देने और जांच व कानूनी प्रक्रिया जल्द पूरी करने की मांग की.
इस घटना की मणिपुर स्टूडेंट्स एसोसिएशन दिल्ली (एमएसएडी) समेत कई संगठनों और व्यक्तियों ने निंदा की है. संगठनों ने इसे संभावित नस्लीय हमला बताते हुए मामले की निष्पक्ष और गहन जांच की मांग की है.
इससे पहले 8 सितंबर को Chief Minister खेमचंद सिंह ने दिल्ली की Chief Minister रेखा गुप्ता को पत्र लिखकर मामले की उच्चस्तरीय जांच तेज करने और दोषियों के खिलाफ सख्त अभियोजन सुनिश्चित करने का आग्रह किया था. उन्होंने यह भी कहा था कि यदि आवश्यकता हो तो मामले को केंद्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) जैसी स्वतंत्र एजेंसी को सौंपने की संभावना पर भी विचार किया जाए, ताकि लोगों का विश्वास और मजबूत हो.
केंद्रीय संसदीय कार्य एवं अल्पसंख्यक मामलों के मंत्री किरेन रिजिजू ने भी इस मामले में दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई का भरोसा दिया है. उन्होंने बताया कि दिल्ली Police ने उन्हें आश्वासन दिया है कि दो सप्ताह के भीतर मामले में मजबूत आरोपपत्र दाखिल किया जाएगा. रिजिजू ने कहा कि पूर्वोत्तर के लोगों की सुरक्षा और सम्मान किसी भी कीमत पर समझौते का विषय नहीं है.
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डीएससी
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