लॉस एंजिलिस मेयर चुनाव: पुलिस प्रमुख को हटाने को लेकर नित्या रमन और कैरेन बास के बीच तीखी बहस

वॉशिंगटन, 15 अक्टूबर . भारतीय मूल की अमेरिकी नेता और लॉस एंजिलिस सिटी काउंसिल सदस्य नित्या रमन ने कहा है कि Police विभाग की ओर से इमिग्रेशन छापों को संभालने के तरीके को देखते हुए Police प्रमुख जिम मैकडोनेल को उनके पद से हटाया जाना चाहिए. वहीं, मेयर कैरेन बास ने चेतावनी दी कि 2028 ओलंपिक से पहले उन्हें हटाने से Police विभाग में अव्यवस्था फैल सकती है.

लॉस एंजिल्स टाइम्स की रिपोर्ट के अनुसार, Tuesday को मेयर पद के रनऑफ चुनाव से पहले दोनों उम्मीदवारों के बीच टेलीविजन बहस हुई, जिसका आयोजन एनबीसी-4 और टेलीमंडो-52 ने यूनिवर्सल सिटी में किया.

रमन ने आरोप लगाया कि लॉस एंजिलिस Police विभाग (एलएपीडी), इमिग्रेशन एंड कस्टम्स एन्फोर्समेंट (आईसीई) एजेंटों की सुरक्षा करता हुआ नजर आया, जिससे शहर के प्रवासी समुदायों में डर का माहौल पैदा हुआ.

हालांकि, उन्होंने यह नहीं बताया कि अगर वह चुनी जाती हैं तो Police प्रमुख को कब तक हटाया जाएगा. रमन ने कहा क‍ि यह फैसला केवल मेयर अकेले नहीं कर सकता. इसलिए मैं अभी इसके लिए कोई तय समयसीमा नहीं बता सकती.

इस पर बास ने तीखी प्रतिक्रिया देते हुए कहा क‍ि मुझे नहीं लगता कि आपको पता है कि एक Police प्रमुख चुनने में कितनी प्रक्रिया और मेहनत लगती है. यह समय शहर की जिम्मेदारी नित्या रमन को सौंपने का नहीं है.

रमन ने बास पर आरोप लगाया कि पैलिसेड्स आग के दौरान वह अपनी जिम्मेदारी निभाने में नाकाम रहे और कहा कि सिटी हॉल इस समय ‘भरोसे के संकट’ का सामना कर रहा है. इसके जवाब में बास ने कहा क‍ि मुझे इसका बेहद अफसोस है कि जब मेरे शहर को मेरी जरूरत थी, तब मैं शहर में मौजूद नहीं थी.

बहस के दौरान दोनों नेताओं के बीच एक इंस्टाग्राम वीडियो को लेकर भी विवाद हुआ. रमन के चुनाव अभियान की ओर से साझा किए गए एक वीडियो में ‘फासिस्ट झूठे’ जैसे शब्द इस्तेमाल किए गए थे. रमन ने कहा कि वीडियो को गलत तरीके से संपादित किया गया था और बाद में उसे हटा दिया गया. इस पर बास ने कहा, “आप अभी इतनी बड़ी जिम्मेदारी के लिए तैयार नहीं हैं.”

बहस के बाद Political विश्लेषकों की राय बंटी हुई नजर आई. ‘पोलिटिको’ के कैलिफोर्निया प्लेबुक ने कहा कि बहस में किसी भी उम्मीदवार को स्पष्ट बढ़त नहीं मिली. वहीं, लॉस एंजिल्स टाइम्स के स्तंभकार स्टीव लोपेज ने बास को थोड़ा आगे बताया.

प्रिडिक्शन मार्केट ‘कालशी’ के अनुसार, बहस के बाद रमन की जीत की संभावना 55 प्रतिशत से बढ़कर 57 प्रतिशत हो गई, जबकि बास की संभावना 43 प्रतिशत रही. बहस के बाद अब तक कोई नया जनमत सर्वेक्षण जारी नहीं हुआ है. 2 जून को हुए प्राथमिक चुनाव में बास को 34 प्रतिशत वोट मिले थे, जबकि रमन को 29 प्रतिशत वोट मिले थे. रनऑफ चुनाव 3 नवंबर को होगा.

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एवाई/एबीएम