यूरोप से पहली बार भगोड़े अपराधी का प्रत्यर्पण, पंजाब पुलिस की बड़ी सफलता

चंडीगढ़, 12 सितंबर . अंतरराष्ट्रीय संगठित अपराध के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए पंजाब Police ने केंद्रीय एजेंसियों के सहयोग से भगोड़े अपराधी अमृतपाल सिंह उर्फ अमृत डालम का मोल्दोवा गणराज्य से प्रत्यर्पण कराया है. अमृतपाल सिंह को कुख्यात जग्गू भगवानपुरिया गैंग का प्रमुख गुर्गा माना जाता है.

पंजाब Police के अनुसार, अमृतपाल सिंह हत्या, हत्या के प्रयास, यूएपीए, आर्म्स एक्ट और नशीले पदार्थों से जुड़े कई गंभीर मामलों में वांछित था. Police ने बताया कि यह पंजाब Police द्वारा किसी यूरोपीय देश से कराया गया पहला प्रत्यर्पण है, जिसे संगठित अपराध के खिलाफ लड़ाई में एक बड़ी उपलब्धि माना जा रहा है.

यह कार्रवाई ‘ऑपरेशन ईस्टर्न रीच’ के तहत अंजाम दी गई. करीब छह महीने तक चले इस अंतरराष्ट्रीय अभियान में खुफिया सूचनाओं के आधार पर आरोपी की लगातार निगरानी की गई. अभियान के दौरान एंटी गैंगस्टर टास्क फोर्स (एजीटीएफ) पंजाब और ओवरसीज फ्यूजिटिव ट्रैकिंग एंड एक्स्ट्राडिशन सेल (ओएफटीईसी) पंजाब ने केंद्रीय एजेंसियों और अंतरराष्ट्रीय सहयोगी संस्थाओं के साथ मिलकर काम किया.

पंजाब Police महानिदेशक (डीजीपी) ने social media प्लेटफॉर्म एक्स पर जानकारी साझा करते हुए कहा कि अमृतपाल सिंह को India लाने में मोल्दोवा और अन्य देशों की एजेंसियों का महत्वपूर्ण सहयोग मिला.

उन्होंने इस सफलता के लिए मोल्दोवा और अजरबैजान के अधिकारियों, आईपीसीयू-सीबीआई, गृह मंत्रालय, विदेश मंत्रालय और अन्य केंद्रीय एजेंसियों का आभार व्यक्त किया.

डीजीपी ने एजीटीएफ और ओएफटीईसी पंजाब की टीमों की सराहना करते हुए कहा कि उनकी लगातार मेहनत और समन्वय के चलते यह ऑपरेशन सफल हो सका. उन्होंने दोहराया कि पंजाब Police जहां भी अपराधी छिपे होंगे, उन्हें कानून के दायरे में लाने के लिए प्रतिबद्ध है.

वहीं, इस मामले में होशियारपुर Police भी एजीटीएफ की टीम के साथ दिल्ली पहुंची थी. जानकारी के अनुसार, प्रत्यर्पण के बाद अमृतपाल सिंह उर्फ अमृत डालम को होशियारपुर Police अपने साथ लेकर आ रही है. बताया जा रहा है कि वह एक डबल मर्डर केस में भी वांछित था.

एएमटी/एबीएम