युद्ध अमेर‍िका ने शुरू क‍िया, कीमत पूरी दुन‍िया चुका रही: इस्‍माइल बाघेई

तेहरान, 7 सितंबर . युद्ध अमेर‍िका ने शुरू क‍िया, लेक‍िन कीमत पूरी दुन‍िया चुका रही है और ज‍िम्‍मेदार ईरान को बताने की कोश‍िश की जा रही है. यह बात होर्मुज के ब‍िगड़ते हालात को लेकर ईरान के व‍िदेश मंत्रालय के प्रवक्‍ता इस्‍माइल बाघेई ने कही.

बाघेई ने कहा क‍ि अमेरिका की ओर से जानबूझकर थोपे गए इस युद्ध से पूरा समुद्री व्‍यापार बाधित हो गया. ऊर्जा की कीमतें बढ़ गईं और पूरी दुनिया के सामने एक बड़ा संकट खड़ा हो गया.

बाघेई ने सोशल मीड‍िया प्‍लेटफॉर्म ‘एक्‍स’ पोस्‍ट में जानकारी साझा करते हुए ल‍िखा, ”होर्मुज स्‍ट्रेट 28 फरवरी तक पूरी तरह खुला हुआ था, लेकिन इसके बाद अमेरिका और इजरायल ने ईरान पर हमला किया. इसके साथ ही वॉशिंगटन ने क्षेत्र में एक अवैध और विनाशकारी युद्ध शुरू कर दिया, जिससे व्यापारिक जहाजों की सामान्य आवाजाही प्रभावित हो गई. तेल टैंकर रुक गए हैं, व्यापार बाधित हो गया है और ऊर्जा की कीमतें बढ़ रही हैं.”

बाघेई ने कहा, अब अमेरिका दुनिया के सामने उस व्यवधान का बिल पेश करने की कोशिश कर रहा है, जो खुद उसी के कारण पैदा हुआ है और उसका जिम्मेदार ईरान को ठहराना चाहता है. वॉशिंगटन के नजरिए में अमेरिका की ओर से शुरू किए गए युद्ध की कीमत को किसी तरह ईरान के व्यवहार की वजह बताकर दुनिया के सामने पेश किया जा रहा है.

उन्‍होंने कहा क‍ि अमेरिका ने युद्ध शुरू किया, लेकिन वह चाहता है कि इसकी कीमत पूरी दुनिया चुकाए, जबकि इस स्थिति के लिए ईरान को जिम्मेदार बताया जा रहा है. यह पूरी तरह से बेतुकी और अविश्वसनीय बात है.

होर्मुज स्‍ट्रेट में अमेर‍िका और ईरान के बीच जारी संघर्ष की वजह से तनाव की स्थिति बनी हुई है. इस कारण समुद्री यातायात बुरी तरह से प्रभाव‍ित है, जो कि वैश्‍व‍िक व्‍यापार के ल‍िहाज से अच्‍छी खबर नहीं है.

Sunday को ही ईरान के इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (आईआरजीसी) की चेतावनी के बाद होर्मुज स्ट्रेट से गुजरने की कोशिश कर रहे तीन जहाजों ने अपना रास्ता बदल लिया और लौट गए. इनमें दो तेल टैंकर और एक तरलीकृत प्राकृतिक गैस (एलएनजी) वाहक शामिल है.

ईरान की संसद के स्पीकर मोहम्मद बाघेर गालिबाफ ने भी Sunday को संसद के खुले सत्र में कहा कि ईरान के राष्ट्रीय हितों के खिलाफ किसी भी हमले का जवाब त्वरित, ज्यादा सख्त और दर्दनाक होगा. खुले सत्र में उन्होंने कहा कि अमेरिकी अधिकारियों को यह पता होना चाहिए कि ‘बराबर का जवाब’ देने का दौर अब खत्म हो चुका है.

एवाई/एएस