
Patna, 19 सितंबर . पश्चिम चंपारण के नरकटियागंज स्थित एक निजी क्लिनिक में इलाज के दौरान Saturday को 25 वर्षीय गर्भवती महिला की मौत हो गई. इसके बाद उसके परिवार और स्थानीय निवासियों ने विरोध प्रदर्शन किया और क्लिनिक प्रबंधन पर इलाज लापरवाही का आरोप लगाया.
मृतक की पहचान रियाज अहमद की पत्नी सलमा खातून के रूप में हुई, जो इनारवा Police स्टेशन के अंतर्गत घोड़पकड़ी गांव की निवासी थीं. लगभग पांच महीने की गर्भावस्था में गर्भ में पल रहे भ्रूण की मृत्यु की सूचना मिलने के बाद उन्हें पुरानी बाजार स्थित शुक्ला क्लिनिक में भर्ती कराया गया था.
परिवार के अनुसार, सलमा को भ्रूण को निकालने के लिए डी एंड सी प्रक्रिया के लिए क्लिनिक लाया गया था. उन्होंने दावा किया कि शुरुआती तौर पर 14,000 रुपए का खर्च तय किया गया था, जिसमें से 11,000 रुपए पहले ही जमा किए जा चुके थे.
परिवार ने आरोप लगाया कि बाद में डॉक्टर ने डी एंड सी प्रक्रिया को असुरक्षित बताते हुए मना कर दिया और इसके बजाय सर्जरी की सिफारिश की. उन्होंने बताया कि ऑपरेशन के लिए उनसे 25,000 रुपए मांगे गए थे.
सहमति मिलने के बाद सलमा को ऑपरेशन के लिए ले जाया गया. बताया जाता है कि ऑपरेशन के दौरान उनकी हालत बिगड़ गई और बाद में उनकी मृत्यु हो गई.
परिजनों ने आगे आरोप लगाया कि महिला की मृत्यु के बाद, क्लिनिक प्रबंधन ने स्थिति को संभालने के बजाय उसे एम्बुलेंस में ले जाने का सुझाव दिया. उन्होंने दावा किया कि क्लिनिक संचालक और कर्मचारी परिसर छोड़कर भाग गए.
मृत्यु की खबर से परिवार के सदस्यों और निवासियों में आक्रोश फैल गया और वे क्लिनिक के बाहर जमा हो गए और दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग करने लगे.
Police और डायल 112 आपातकालीन प्रतिक्रिया दल मौके पर पहुंचे, हस्तक्षेप किया और स्थिति को नियंत्रण में लाया. उन्होंने परिवार और वहां मौजूद अन्य लोगों से जानकारी एकत्र की.
Police ने महिला की मृत्यु से संबंधित परिस्थितियों और क्लिनिक के खिलाफ लगे आरोपों की जांच शुरू कर दी है.
उपमंडल अस्पताल के प्रभारी उप अधीक्षक डॉ. संजीव कुमार ने कहा कि अधिकारियों को सूचित कर दिया गया है और जांच पूरी होने के बाद नियमों के अनुसार उचित कार्रवाई की जाएगी.
–
एमएस/
Skip to content