
New Delhi, 3 सितंबर . भाजपा के राष्ट्रीय प्रवक्ता प्रदीप भंडारी ने दिल्ली स्थित भाजपा मुख्यालय में प्रेस कॉन्फ्रेंस कर पंजाब की आम आदमी पार्टी Government और Jharkhand की हेमंत सोरेन Government पर गंभीर आरोप लगाए.
प्रदीप भंडारी ने भगवंत मान पर आरोप लगाते हुए कहा कि पंजाब में Chief Minister एक लूट का रैकेट चला रहे हैं. उनकी पत्नी पर मिडिलमैन के जरिए वैध रेप केसों को 5 करोड़ रुपए लेकर खत्म करने का आरोप है. यह वीडियो प्रथम दृष्टया इशारा कर रहा है कि सीएम एक केस को खत्म कर रहे हैं. क्या सीएम का आवास ऐसी जगह बन गया है, जहां सौदे किए जा रहे हैं और कट मनी सीएम और पंजाब के सुपर सीएम केजरीवाल के पास जा रही है?”
उन्होंने ऑडियो सुनाते हुए कहा कि इसमें पैसे को कई लोगों में बांटने की बात कही जा रही है, इसलिए यह एक सिंडिकेट है.
प्रदीप भंडारी ने बताया, “आरोपी कहता है कि केस खत्म करना है. मिडिलमैन फिर कहता है कि सीएम के साथ सब कुछ डिस्कस हो चुका है और वह पीछे नहीं हट सकते, क्योंकि रकम को कई लोगों में बांटना है.”
उन्होंने इस मामले में तीन गंभीर सवाल उठाए. क्या सीएम और उनकी पत्नी रेप केसों को खत्म करने के लिए पैसे लेकर सिंडिकेट चला रहे हैं? क्या सीएम का दफ्तर भ्रष्टाचार का सिंडिकेट बन गया है? क्या यह कोई अकेला मामला नहीं है, बल्कि एक बड़े सिंडिकेट का हिस्सा है?
प्रदीप भंडारी ने कहा, “आज केजरीवाल को जवाब देना होगा कि भ्रष्टाचार की सीमा इस हद तक चली गई है कि अब रेप पीड़ितों को भी केजरीवाल और मान Government नहीं छोड़ रही है. क्या वे पंजाब में भी उसी तरह का सिंडिकेट चला रहे हैं जैसा उन्होंने दिल्ली में चलाया था?”
प्रदीप भंडारी ने Jharkhand में छात्रों के प्रदर्शन के मामले पर भी हेमंत सोरेन Government और राहुल गांधी को घेरा.
उन्होंने कहा, “Jharkhand में छात्रों ने प्रदर्शन किया और पूरे देश ने उनका साथ दिया, लेकिन अब जैसे-जैसे जांच आगे बढ़ रही है. यह सामने आ रहा है कि जिस कंपनी टीडीपीएल को परीक्षा कराने की जिम्मेदारी Jharkhand Government ने दी थी, वह एक ब्लैकलिस्टेड कंपनी थी और उसने अभी तक टेंडर तक जारी नहीं किया है.”
प्रदीप भंडारी ने आरोप लगाया कि टीटीपीएल ने आगे एक तीसरी बेनामी कंपनी, पीकर टेक्नोलॉजी को एग्रीमेंट दे दिया, लेकिन इस एग्रीमेंट का कोई कागज मौजूद नहीं है और पूरा लेन-देन कैश में हुआ है.
उन्होंने कहा, “सीआईडी के सामने पीकर टेक्नोलॉजी के निदेशक ने कबूल किया है कि हमें जो टेंडर दिया गया था, उसकी कोई कॉपी नहीं है और पूरा ट्रांजैक्शन कैश में हुआ. इससे ये साबित होता है कि किस तरीके से राहुल गांधी और हेमंत सोरेन छात्रों के साथ न्याय करते हैं.”
भाजपा प्रवक्ता ने कहा कि जांच में जो तथ्य सामने आ रहे हैं, वे गंभीर सवाल खड़े करते हैं कि Jharkhand में छात्रों के भविष्य के साथ कैसे खिलवाड़ किया जा रहा है.
– ी
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