नेपाल में भारत के नए राजदूत सुधाकर दलेला ने राष्ट्रपति को सौंपे परिचय पत्र

काठमांडू, 6 नवंबर . वरिष्ठ भारतीय राजनयिक सुधाकर दलेला ने Friday को President कार्यालय, शीतल निवास में आयोजित एक समारोह में नेपाल के President रामचंद्र पौडेल को India के राजदूत के रूप में अपना परिचय पत्र सौंपा.

President कार्यालय की ओर से जारी बयान में कहा गया कि President रामचंद्र पौडेल ने एक विशेष समारोह के दौरान India के राजदूत सुधाकर दलेला से परिचय पत्र प्राप्त किए.

1993 बैच के भारतीय विदेश सेवा (आईएफएस) अधिकारी सुधाकर दलेला हाल तक India के विदेश मंत्रालय (एमईए) में आर्थिक संबंध सचिव (सेक्रेटरी, इकोनॉमिक रिलेशंस) के पद पर कार्यरत थे.

इससे एक दिन पहले, India के विदेश सचिव विक्रम म‍िस्री ने काठमांडू में नेपाल के Prime Minister बलेंद्र शाह से मुलाकात की. इस दौरान दोनों पक्षों ने भारत-नेपाल संबंधों के विभिन्न पहलुओं और द्विपक्षीय सहयोग को और मजबूत करने के तरीकों पर चर्चा की.

बैठक में Prime Minister बलेंद्र शाह ने रसुवा-भोटेकोशी बाढ़ के बाद India Government द्वारा तुरंत भेजी गई राहत सामग्री और बचाव दलों के लिए आभार जताया. उन्होंने Prime Minister Narendra Modi द्वारा व्यक्त की गई एकजुटता के लिए भी धन्यवाद दिया और खेलों के विकास में सहयोग की संभावनाओं पर चर्चा की.

बैठक के दौरान विदेश सचिव विक्रम म‍िस्री ने Prime Minister शाह को उनकी आगामी India यात्रा की तैयारियों और ऊर्जा, जल संसाधन, व्यापार, ट्रांजिट तथा विमानन जैसे क्षेत्रों में चल रहे सहयोग की जानकारी दी. उन्होंने यह भी बताया कि अयोध्या-जनकपुर रेलवे सेवा का ट्रायल रन उसी दिन सफलतापूर्वक किया गया.

विक्रम म‍िस्री ने Prime Minister Narendra Modi की ओर से शुभकामनाएं भी दीं और दोनों देशों के बीच विभिन्न क्षेत्रों में बढ़ते सहयोग तथा प्रगति की जानकारी साझा की. साथ ही, नेपाल के Prime Minister की प्रस्तावित India यात्रा से जुड़े संभावित परिणामों और नई पहलों पर भी चर्चा हुई.

अपनी यात्रा के दौरान विक्रम म‍िस्री ने नेपाल के वित्त मंत्री स्वर्णिम वाग्ले, विदेश मंत्री शिशिर खनाल, ऊर्जा, जल संसाधन और सिंचाई मंत्री बिराज भक्त श्रेष्ठ तथा अवसंरचना विकास मंत्री सुनील लम्साल से भी मुलाकात की. Wednesday को India और नेपाल के विदेश सचिवों के बीच प्रतिनिधिमंडल स्तर की वार्ता हुई. इसमें दोनों देशों के बीच विभिन्न क्षेत्रों में चल रहे सहयोग की समीक्षा की गई और आपसी हितों पर आधारित साझेदारी को और मजबूत करने के उपायों पर चर्चा हुई.

इसके अलावा, विक्रम मिस्री ने सांसदों के एक समूह से भी मुलाकात की, जिनमें भारत-नेपाल संसदीय मैत्री समूह और नेपाल की अंतरराष्ट्रीय संबंध एवं पर्यटन संसदीय समिति के सदस्य शामिल थे.

विदेश मंत्रालय के अनुसार, नेपाली नेतृत्व ने रसुवा-भोटेकोशी बाढ़ के बाद India द्वारा दी गई तेज और व्यापक मानवीय तथा तकनीकी सहायता की सराहना की. दोनों पक्षों ने माना कि हाल के वर्षों में व्यापार, विकास साझेदारी, जलविद्युत, सड़क और रेल संपर्क, सीमा प्रबंधन, ऊर्जा तथा लोगों के बीच संबंधों जैसे पारंपरिक क्षेत्रों में सहयोग लगातार बढ़ा है.

साथ ही, स्टार्टअप्स, डिजिटल कनेक्टिविटी, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई) और खेल जैसे नए क्षेत्रों में भी सहयोग के अवसर तेजी से बढ़ रहे हैं. दोनों देशों ने अपने द्विपक्षीय संबंधों को हर स्तर पर और मजबूत बनाने की प्रतिबद्धता दोहराई.

विदेश मंत्रालय ने कहा कि विदेश सचिव की यह यात्रा दोनों देशों के बीच नियमित उच्च स्तरीय संवाद की परंपरा को आगे बढ़ाती है और भारत-नेपाल मित्रता व सहयोग के करीबी संबंधों को और मजबूत करने में मदद करेगी.

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एवाई/डीकेपी