दक्षिण अफ्रीका के उच्चायुक्त ने स्वदेश वापसी की खबरों को नकारा, बोले- ऐसी कोई बात नहीं

New Delhi, 7 सितंबर . दक्षिण अफ्रीका के उच्चायुक्त अनिल सूकलाल ने उन अटकलों पर विराम लगाया जो उनकी स्वदेश वापसी को लेकर उठाई जा रही थी. उन्होंने स्पष्ट किया कि कुछ मसले थे जिन्हें आपस में सुलझा लिया गया है और वो India में अपना चार साल का कार्यकाल पूरा करेंगे.

आईएएनस के सवाल का जवाब देते हुए सूकलाल ने कहा, ” मेरे कार्यकाल में कोई बदलाव नहीं हुआ है. President ने चार साल के लिए मुझे नियुक्त किया है और सितंबर के अंत में India में मेरे कार्यकाल के दो वर्ष पूरे होंगे. मेरा कार्यकाल 2028 के अंत तक है.”

उन्होंने ऐसी अटकलों को खारिज करते हुए कहा, ” कुछ मुद्दे और गलतफहमियां थीं, जिन्हें सौहार्दपूर्ण ढंग से सुलझा लिया गया है. President सिरिल रामाफोसा को मुझ पर पूरा भरोसा है मैं उनके India आगमन पर उनका स्वागत करने को उत्सुक हूं.”

18वें ब्रिक्स समिट में शामिल होने के लिए President Friday को New Delhi पहुंचेंगे. इस सम्मेलन की अध्यक्षता India कर रहा है.

Prime Minister Narendra Modi के सार्वजनिक जीवन के 25 वर्ष पूरे होने पर पूछे गए सवाल के जवाब में सूकलाल ने उनकी नेतृत्व क्षमता की प्रशंसा की.

उन्होंने कहा, “2014 में Prime Minister मोदी के पद संभालने के बाद India की आर्थिक वृद्धि में तेजी आई है. Prime Minister मोदी वैश्विक दक्षिण के प्रमुख नेताओं में से एक बनकर उभरे हैं और India की जी20 अध्यक्षता उनके वैश्विक नेतृत्व का उदाहरण है. मुझे पूरी उम्मीद है कि इस साल का ब्रिक्स समिट का आयोजन भी वो सफलतापूर्वक करेंगे. इस बार का ब्रिक्स सम्मेलन India की वैश्विक समुदाय और वैश्विक दक्षिण में शानदार नेतृत्व क्षमता का परिचायक है. Prime Minister मोदी ऐसे नेता हैं जिनका सम्मान पूरी दुनिया करती है.”

दक्षिण अफ्रीका की जी20 सदस्यता को लेकर पूछे गए सवाल पर सूकलाल ने स्पष्ट किया कि “दक्षिण अफ्रीका जी20 का पूर्ण सदस्य है और हमेशा रहा है.”

उन्होंने कहा, “दक्षिण अफ्रीका जी20 का संस्थापक सदस्य है और 2008 के वित्तीय संकट के बाद जब जी20 को राष्ट्राध्यक्षों एवं शासनाध्यक्षों के स्तर पर शिखर सम्मेलन के रूप में आगे बढ़ाया गया, तब भी दक्षिण अफ्रीका इसका हिस्सा था. दक्षिण अफ्रीका ने पिछले साल सफल जी20 शिखर सम्मेलन की मेजबानी भी की थी.”

अमेरिका की मौजूदा जी20 अध्यक्षता में दक्षिण अफ्रीका को इस साल की कार्यवाही और शिखर सम्मेलन से बाहर रखने को उन्होंने “एकतरफा कदम” बताया. उन्होंने कहा, “जी20 सर्वसम्मति से काम करने वाला संगठन है और किसी एक देश को एकतरफा तरीके से इसकी सदस्यता या संरचना बदलने का अधिकार नहीं है.”

उन्होंने कहा, “India की जी20 अध्यक्षता के दौरान 2023 में अफ्रीकी संघ को जी20 में शामिल करने के लिए India ने पहल की थी और सभी सदस्यों की सहमति से अफ्रीकी संघ इसका सदस्य बना.” सूकलाल ने कहा कि दक्षिण अफ्रीका 2027 में ब्रिटेन की अध्यक्षता में जी20 में अपनी “सही जगह” फिर हासिल करेगा. उनके मुताबिक अमेरिका जो फिलहाल कर रहा है वो सही नहीं है.

सूकलाल के अनुसार “इस बार दक्षिण अफ्रीका जी20 समिट में भाग नहीं लेगा क्योंकि इस बार सम्मेलन की अध्यक्षता करने वाले देश ने हमें न्योता नहीं दिया है.”

केआर/