
थेनी, 27 अक्टूबर . थेनी जिला जेल से फरार हुए 13 विचाराधीन कैदियों की तलाश का दायरा अब पश्चिमी घाट के जंगलों और पड़ोसी राज्य केरल तक फैल गया है. इन फरार कैदियों का पता लगाने के लिए दोनों राज्यों की Police मिलकर काम कर रही है.
Monday देर रात जेल के 17 कैदी जेल कर्मचारियों पर हमला करके भाग निकले. बाद में इनमें से चार को फिर से पकड़ लिया गया, जबकि बाकी कैदियों की तलाश के लिए Tuesday को विशेष टीमें जुटी रहीं.
एक वरिष्ठ Police अधिकारी ने बताया कि केरल Police को अलर्ट कर दिया गया है और तमिलनाडु की सीमा से लगे इडुक्की जिले के कुछ हिस्सों सहित जंगली इलाकों में सघन तलाशी अभियान चलाया जा रहा है.
भागने वाले कैदियों की पहचान में मदद के लिए उनकी तस्वीरें दोनों राज्यों की अलग-अलग जगहों पर तैनात अधिकारियों को भेज दी गई हैं.
तलाशी का दायरा बढ़ने के साथ ही, राज्यों की सीमा से लगे जंगली रास्तों पर भी ध्यान केंद्रित किया गया है. कैदियों का पता लगाने के लिए टीमें इन इलाकों में छानबीन कर रही हैं, और पकड़े गए कैदियों से मिली जानकारी का इस्तेमाल बाकी कैदियों तक पहुंचने के लिए किया जा रहा है.
Police ने घायल जेल कर्मचारियों में से एक की पहचान ग्रेड-II constable थंगापांडी के रूप में की है. हमले के बाद उन्हें थेनी गवर्नमेंट मेडिकल कॉलेज और अस्पताल में भर्ती कराया गया.
वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि दो अन्य कर्मचारियों का भी इलाज चल रहा है. उनकी चोटों और हालत के बारे में अभी कोई विस्तृत जानकारी नहीं मिल पाई है.
अधिकारियों ने यह नहीं बताया है कि पकड़े गए चार कैदी कहां से मिले. अधिकारी ने कहा कि उनसे पूछताछ में कुछ ऐसी जानकारी मिली है, जिसके आधार पर विशेष टीमें बाकी फरार कैदियों को खोजने की कोशिश कर रही हैं.
Police महानिदेशक (डीजीपी) महेश कुमार अग्रवाल ने कहा कि सभी कैदियों के वापस हिरासत में आ जाने के बाद इस घटना की विस्तृत जांच की जाएगी.
उन्होंने कहा कि जब बाकी 13 कैदी भी पकड़ लिए जाएंगे, तब हम पूरी घटना की गहन जांच करेंगे.
दक्षिण क्षेत्र के Police महानिरीक्षक (आईजी) ने बताया कि कैदियों के भागने की जानकारी केरल के वरिष्ठ अधिकारियों के साथ साझा कर दी गई है और वहां बड़े पैमाने पर तलाशी अभियान चलाया जा रहा है.
अभी सबसे बड़ी प्राथमिकता दोनों राज्यों की Police टीमों के बीच तालमेल बिठाकर और सूचनाओं का आदान-प्रदान करके फरार कैदियों को खोजना है.
Police प्रमुख द्वारा घोषित जांच के दौरान, कैदियों के भागने की परिस्थितियों और जेल कर्मचारियों पर हुए हमले के हर पहलू की बारीकी से पड़ताल की जाएगी.
Tuesday तक, अधिकारियों ने चार कैदियों के फिर से पकड़े जाने की पुष्टि कर दी थी. तमिलनाडु-केरल सीमा के जंगली इलाकों सहित कई जगहों पर बाकी 13 कैदियों की तलाश जारी है.
–
डीकेएम/एबीएम
Skip to content