
सोल, 18 सितंबर . डेविस कप क्वालीफायर के दूसरे दौर में कोरिया के खिलाफ India के लिए पहला दिन मुश्किल भरा रहा. Friday को यहां ओलंपिक टेनिस कोर्ट पर दक्षिणेश्वर सुरेश और सुमित नागल, दोनों ही तीन सेट के मुकाबलों में बढ़त बनाने के बावजूद हार गए, जिससे भारतीय टीम 0-2 से पिछड़ गई.
कोरिया अब डेविस कप के क्वार्टर फाइनल में जगह बनाने से सिर्फ एक जीत दूर है. ऐसा पहली बार हुआ है, जब सूनवू क्वोन और ह्योन चुंग ने India के शीर्ष दो सिंगल्स खिलाड़ियों के खिलाफ शानदार वापसी करते हुए जीत हासिल की. मैच का रुख दोपहर के सत्र में बदला, जब क्वोन ने सुरेश को डेविस कप में उनकी पहली हार का स्वाद चखाया. धीमी शुरुआत के बावजूद उन्होंने वापसी करते हुए 4-6, 6-3, 6-4 से जीत दर्ज की.
गर्मी और बादलों वाले मौसम में सुरेश ने अच्छी शुरुआत की और पहले सर्विस गेम में ही क्वोन की सर्विस तोड़ दी. हालांकि, कोरियाई खिलाड़ी को घरेलू दर्शकों का समर्थन मिल रहा था, लेकिन शुरुआत में धीमे कोर्ट पर उन्हें अपनी लय पाने में दिक्कत हुई. मगर दूसरे सेट में बाजी पलट गई. क्वोन ने रिटर्न पर आक्रामक रुख अपनाया और सुरेश की सर्विस पर जल्दी हमला करना शुरू कर दिया. इस रणनीति के कारण भारतीय खिलाड़ी ने चार डबल फॉल्ट किए. इसके बाद क्वोन ने छठे गेम में ब्रेक प्वाइंट हासिल किया और सेट अपने नाम कर लिया.
निर्णायक सेट में भी सुरेश ने अच्छी शुरुआत की, लेकिन क्वोन ने दबाव बनाए रखा और छठे गेम में उनकी सर्विस तोड़ दी. कोरियाई खिलाड़ी को अपने बैकहैंड शॉट से बार-बार सफलता मिली और नौवें गेम में उन्होंने कोरिया के लिए पहला मैच प्वाइंट हासिल किया. सुरेश ने इसे बचाया, लेकिन क्वोन ने अगले गेम में मैच खत्म कर दिया.
मैच के बाद क्वोन ने कहा, “मुझे काफी समय बाद इतनी घबराहट महसूस हुई. बेशक, मुझे आमतौर पर थोड़ी घबराहट होती है, लेकिन आज यह बहुत ज्यादा थी. शुरुआत में तो मेरी नजर भी धुंधली हो गई थी. दूसरे सेट से मुझे अधिक आराम महसूस होने लगा. हालांकि, पहला सेट अच्छा नहीं रहा, लेकिन मैंने उनकी सर्विस के पैटर्न को समझने की कोशिश की. दूसरे सेट में मैं उन पैटर्न को समझ पाया और अपनी रिटर्न पोजीशन को एक तरफ बनाए रखा, जिससे मुझे बेहतर खेलने में मदद मिली.”
क्वोन ने सात ऐस लगाए और अपने पहले सर्व प्वाइंट का 92 प्रतिशत हिस्सा जीता, जो एक शानदार प्रदर्शन था. India के टॉप-रैंक वाले खिलाड़ी नागल, शाम के सेशन में चुंग के खिलाफ 4-0 की बढ़त बनाकर मैच बराबरी पर लाने की राह पर दिख रहे थे. मगर कोरियाई खिलाड़ी के इरादे कुछ और ही थे और आखिरकार तीन घंटे पांच मिनट तक चले कड़े मुकाबले में उन्होंने 2-6, 6-4, 7-5 से जीत हासिल की.
नागल ने पहले सेट में चुंग की सर्विस दो बार तोड़ी और 5-2 की बढ़त बनाई, जिसके बाद उन्होंने सेट अपने नाम किया. चुंग ने चार सेट प्वाइंट बचाए, लेकिन आखिरकार नागल ने पहला सेट जीत लिया. दूसरे सेट में कई लंबी रैलियां और कड़े सर्विस गेम देखने को मिले, जिसके बाद नागल ने सर्विस तोड़कर 4-3 की बढ़त बनाई. हालांकि, भारतीय खिलाड़ी इस बढ़त का फायदा नहीं उठा सके.
अगले गेम में नागल ने डबल फॉल्ट किया, जिससे चुंग को वापसी का मौका मिला और उन्होंने इसे हाथ से नहीं जाने दिया. इसके बाद चुंग ने फिर से नागल की सर्विस तोड़ी और 6-4 से दूसरा सेट जीतकर मैच को निर्णायक सेट तक पहुंचा दिया. आखिरी सेट के चौथे गेम में भी चुंग ने आक्रामक खेल जारी रखा, लेकिन नागल ने वापसी करते हुए तीन गेम बाद सर्विस तोड़ी. मैच के दौरान शारीरिक और मानसिक चुनौतियों से जूझते हुए दोनों खिलाड़ियों के बीच बढ़त का पलड़ा बदलता रहा.
5-5 के स्कोर पर नागल दबाव में आ गए और डबल फॉल्ट कर बैठे, जिससे चुंग को मैच प्वाइंट मिल गया. कोरियाई खिलाड़ी ने इस मौके का फायदा उठाकर शानदार वापसी की और कोरिया को 2-0 की बढ़त दिला दी. जीत के बाद चुंग ने कहा, “जब दूसरे सेट में 3-3 के स्कोर पर मेरी सर्विस टूटी और मैं 3-4 से पीछे हो गया, तो मुझे असल में ज्यादा सुकून महसूस हुआ. मुझे लगा कि मेरा प्रतिद्वंद्वी मैच खत्म करने के दबाव में हो सकता है. मुझे यकीन था कि मुझे कम से कम एक मौका जरूर मिलेगा और अगर मैं उसका फायदा उठा सका, तो मैच का रुख फिर से बदल सकता है. तीसरे सेट में 5-5 के स्कोर पर कोई खास रणनीति नहीं बची थी. हम दोनों तीन घंटे से ज्यादा समय से खेल रहे थे, इसलिए यह मानसिक मजबूती की लड़ाई बन गई थी.”
अब India के लिए टाई के दूसरे दिन जीतना जरूरी हो गया है. Saturday की शुरुआत डबल्स मैच से होगी, जिसके बाद दो रिवर्स सिंगल्स मैच खेले जाएंगे. कोरिया को टाई जीतने और डेविस कप के क्वार्टर फाइनल में अपनी जगह पक्की करने के लिए बस एक जीत की जरूरत है.
–
एसएम/एबीएम
Skip to content