
नागपुर, 15 सितंबर (आईएएचनएस). एनसीपी (शरदचंद्र पवार) के विधायक रोहित पवार ने मराठा आरक्षण आंदोलन, दिशा सालियान मामले में First Information Report , समान नागरिक संहिता (यूसीसी) और मंत्री नितेश राणे के बयानों सहित विभिन्न मुद्दों पर अपनी प्रतिक्रिया दी.
मराठा आरक्षण के लिए आंदोलन कर रहे मनोज जरांगे पाटिल के Tuesday को ‘Mumbai कूच’ करने के फैसले पर रोहित पवार ने कहा, “सत्ता में बैठे लोगों के लिए यह बेहद जरूरी है कि वे आंदोलनकारियों से संवाद करें, चाहे वह जरांगे पाटिल हों या कोई अन्य व्यक्ति जो उपवास या विरोध प्रदर्शन कर रहा हो. बातचीत के जरिए ही हर समस्या का समाधान निकाला जाना चाहिए.”
उन्होंने कहा कि दुर्भाग्य से इस मुद्दे पर समाधान नहीं निकल पाया. क्योंकि समाधान नहीं निकला, इसलिए उन्होंने Mumbai कूच करने का ऐलान किया है. अभी भी समय है. मंत्रियों को चाहिए कि वे रास्ते में कहीं उनके साथ बैठें और सर्वसम्मति से समाधान निकालें.
वहीं, दिशा सालियान मामले में First Information Report में बड़े लोगों के नाम होने पर रोहित पवार ने कहा, “पिछली बार सुशांत सिंह राजपूत का मामला उठाया गया था और आदित्य ठाकरे का नाम लाया गया था, लेकिन बाद में क्लीन चिट दे दी गई. हम सभी को लगता है कि इस मामले में भी क्लीन चिट दी जाएगी.”
उन्होंने कहा कि चाहे Political कारण हो या किसी अन्य कारण से, नेताओं के नाम जानबूझकर शामिल किए जाते हैं क्योंकि मीडिया ट्रायल होता है. लेकिन बाद में जब कोई तथ्य या सच्चाई नहीं मिलती, तो कुछ नहीं निकलता. लेकिन अगर सीबीआई ने जानबूझकर आदित्य ठाकरे का नाम लिया है, तो मुझे लगता है कि 2029 में होने वाले चुनाव शायद पहले हो सकते हैं, क्योंकि जब भी सीबीआई सक्रिय होती है, तो राजनीति सामने आ जाती है.
बता दें कि बॉम्बे हाई कोर्ट के आदेश के बाद सीबीआई ने दिशा सालियान मौत मामले में नई First Information Report दर्ज की है, जिसमें कई बड़े और चर्चित लोगों के नाम और भूमिका की जांच की मांग की गई है. दिशा सालियान दिवंगत Bollywood Actor सुशांत सिंह राजपूत की पूर्व सेलिब्रिटी मैनेजर थीं, जिनकी 8 जून 2020 को Mumbai के मलाड इलाके में एक ऊंची इमारत से गिरकर संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई थी.
Maharashtra सीएम देवेंद्र फडणवीस द्वारा यूसीसी लाने की बात कहने पर रोहित पवार ने कहा, “इस विषय से ज्यादा जरूरी राज्य में सुरक्षा की स्थिति है. आज महिलाओं को रास्ते पर घूमते हुए डर लगता है. रात में कोई बाहर नहीं निकल रहा है. ऐसी स्थिति Maharashtra में महिलाओं की है. अगर आप बात करना चाहते हैं तो महिला सुरक्षा की बात करें. यूसीसी के माध्यम से मुख्य मुद्दों से जनता का ध्यान भटकाने का काम हो रहा है.”
Maharashtra के मंत्री नितेश राणे ने खाद्य सुरक्षा और मिलावट के मुद्दे पर एफडीए कमिश्नर तुकाराम मुंढे को चुनौती दी है कि वे Mumbai के प्रसिद्ध हाजी अली जूस सेंटर और ‘बड़े मियां’ जैसे ठिकानों पर छापेमारी करें. इस पर रोहित पवार ने कहा, “आपकी आवाज या आप जो बोलते हो, उसे Government ही सीरियस लेती है, लोग गंभीरता नहीं लेते हैं. ये ऐसे बयान पॉलिटिकल माइलेज के लिए देते हैं.”
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एएस
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