गुजरात ने ग्रामीण आवास योजना के लाभार्थियों के लिए पेनल्टी ब्याज माफी की समय-सीमा 31 जनवरी तक बढ़ाई

गांधीनगर, 27 अगस्त . Gujarat Government ने Gujarat ग्रामीण आवास बोर्ड की आवास योजनाओं के लाभार्थियों के लिए पेनल्टी ब्याज पर 100 प्रतिशत छूट देने वाली योजना को पांच महीने के लिए बढ़ा दिया है. इससे पात्र लाभार्थियों को अपना बकाया मूलधन चुकाने और इस छूट का लाभ उठाने के लिए 31 जनवरी, 2027 तक का समय मिल गया है.

यह विस्तार योजना के पहले चरण के बाद किया गया है, जिसके तहत जिला स्तर पर आयोजित 22 रिकवरी कैंपों में 2,988 लाभार्थियों ने अपनी बकाया मूल राशि के लिए 10.57 करोड़ रुपए का भुगतान किया.

Gujarat रूरल हाउसिंग बोर्ड की जानकारी के अनुसार, लाभार्थियों को कुल मिलाकर 39.51 करोड़ रुपए के पेनल्टी ब्याज (जुर्माने वाले ब्याज) में छूट मिली.

राज्य Government ने बोर्ड की ‘हायर-परचेज स्कीम’ (किराये पर खरीद योजना) के तहत बनाए गए हाउसिंग प्रोजेक्ट्स के लाभार्थियों के लिए मूल राशि की बकाया किश्तों पर लगे पेनल्टी ब्याज को माफ करने की योजना को मंजूरी दी थी.

इसमें आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग (ईडब्ल्यूएस), कम आय वर्ग (एलआईजी), मध्यम आय वर्ग (एमआईजी), कॉम्पिटिटिव (कम्पोजिट) ​​और कैश लोन हाउसिंग योजनाओं के लाभार्थी शामिल हैं.

बोर्ड ने कहा, “जरूरी भुगतान करने के बाद, योजना का लाभ उठाने वाले सभी 2,988 लाभार्थियों को लोन क्लीयरेंस सर्टिफिकेट जारी किए गए.”

राज्य Government ने अब समय-सीमा को 31 जनवरी, 2027 तक बढ़ा दिया है. ऐसा लाभार्थियों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए और उन लोगों को अतिरिक्त समय देने के लिए किया गया है जो पहले चरण में शामिल नहीं हो पाए थे, ताकि वे अपनी बकाया मूल राशि का निपटान कर सकें और पेनल्टी ब्याज में पूरी छूट का लाभ उठा सकें.

Gujarat Government ने पहले रूरल हाउसिंग बोर्ड के लाभार्थियों के लिए एकमुश्त छूट योजना की घोषणा की थी. इस कदम का मकसद पात्र परिवारों को जमा हुए पेनल्टी शुल्क का भुगतान किए बिना अपनी मूल बकाया राशि चुकाने में मदद करना था.

Chief Minister कार्यालय ने कहा था कि इस व्यापक योजना का मकसद 9,000 से ज्यादा ग्रामीण परिवारों को लाभ पहुंचाना था.

रूरल हाउसिंग बोर्ड ने पात्र लाभार्थियों से अपील की है कि वे बढ़ाई गई समय-सीमा का लाभ उठाएं और तय समय के भीतर जरूरी भुगतान पूरा करें.

एससीएच