
न्यूटाउन, 26 अक्टूबर . Prime Minister Narendra Modi को लेकर कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे की टिप्पणी पर पश्चिम बंगाल में मंत्री दिलीप घोष ने प्रतिक्रिया दी है. उन्होंने कांग्रेस पर निशाना साधते हुए कहा कि पार्टी लगातार चुनावों में हार का सामना कर रही है, जिसके कारण उसके नेता हताशा में Prime Minister Narendra Modi और भाजपा के अन्य नेताओं पर व्यक्तिगत हमले कर रहे हैं.
पश्चिम बंगाल में मंत्री दिलीप घोष ने पत्रकारों से बात करते हुए कहा कि Prime Minister Narendra Modi के नेतृत्व का सम्मान केवल देश में ही नहीं, बल्कि विदेशों में भी किया जाता है. भाजपा लगातार चुनावों में जीत हासिल कर रही है और Government की विकास योजनाओं का लाभ आम जनता तक पहुंच रहा है. उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस Political लड़ाई पहले ही हार चुकी है, इसलिए उसके नेता व्यक्तिगत टिप्पणियों का सहारा ले रहे हैं.
कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे की टिप्पणी पर प्रतिक्रिया देते हुए घोष ने कहा कि खड़गे पहले भी इस तरह के बयान दे चुके हैं. खड़गे की उम्र अब ऐसी हो गई है, जब उन्हें राजनीति से संन्यास लेने के बारे में सोचना चाहिए. बढ़ती उम्र और Political परिस्थितियों से पैदा हुई हताशा के कारण खड़गे इस तरह की टिप्पणियां कर रहे हैं. उन्होंने कांग्रेस के Political भविष्य पर भी सवाल उठाते हुए कहा कि पार्टी की स्थिति लगातार कमजोर हो रही है.
घोष ने कहा कि जनता सब कुछ देख रही है और चुनावों में अपने मताधिकार के जरिए नेताओं को जवाब देती है. कांग्रेस बार-बार चुनाव हार रही है, इसलिए उसके नेता हताश होकर कुछ भी बयान देने लगते हैं. Prime Minister के परिवार को लेकर व्यक्तिगत टिप्पणी करना उचित नहीं है.
दिलीप घोष ने कांग्रेस की पूर्व अध्यक्ष सोनिया गांधी के पुराने बयान का उल्लेख करते हुए कहा कि कांग्रेस नेताओं की बयानबाजी का Political नुकसान पार्टी को ही उठाना पड़ता है. उन्होंने Gujarat का उदाहरण देते हुए कहा कि कांग्रेस लंबे समय से वहां Government बनाने में सफल नहीं हो पाई है. नेताओं के ऐसे बयानों का जवाब Gujarat की जनता चुनावों में देती रही है.
उन्होंने कहा कि कांग्रेस नेता Prime Minister Narendra Modi के खिलाफ जितनी अधिक बयानबाजी करेंगे, उससे Prime Minister को नुकसान नहीं होगा, बल्कि कांग्रेस को ही इसके परिणाम भुगतने पड़ेंगे.
पश्चिम बंगाल की पूर्व Chief Minister ममता बनर्जी पर निशाना साधते हुए दिलीप घोष ने उनके खिलाफ भ्रष्टाचार के आरोप लगाए. उन्होंने सवाल किया कि यदि सरकारी और गैर-सरकारी धन की कथित लूट हुई है, तो वह पैसा कहां गया. उन्होंने कहा कि चुनाव केवल पैसे के दम पर नहीं जीते जाते. यदि ऐसा होता, तो भाजपा पहले ही चुनाव जीत चुकी होती. लोकतंत्र में जनता के जनादेश का सम्मान किया जाना चाहिए और चुनाव के नतीजों को स्वीकार करना चाहिए.
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एएस
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