
नई दिल्ली, 11 सितंबर . नई दिल्ली के India मंडपम में आयोजित होने वाले 18वें ब्रिक्स शिखर सम्मेलन में हिस्सा लेने Friday को एशियाई अवसंरचना निवेश बैंक (एआईआईबी) की अध्यक्ष जू जियायी India पहुंची. इस दौरान उनका जोरदार स्वागत किया गया.
विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने social media प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पोस्ट पर उनके आगमन की जानकारी साझा की.
मंत्रालय ने पोस्ट में लिखा, ”18वें ब्रिक्स शिखर सम्मेलन के लिए New Delhi में एशियाई अवसंरचना निवेश बैंक (एआईआईबी) की अध्यक्ष जू जियायी का हार्दिक स्वागत है. उनकी यह यात्रा सतत विकास (सस्टेनेबल डेवलपमेंट) को आगे बढ़ाने, आपसी साझेदारी को मजबूत करने और उभरती अर्थव्यवस्थाओं के लिए नए अवसर पैदा करने में मदद करेगी.”
वर्ष 2026 में ब्रिक्स की अध्यक्षता India के पास है. सी के तहत India 12 और 13 सितंबर को New Delhi में 18वें ब्रिक्स शिखर सम्मेलन की मेजबानी कर रहा है. इस सम्मेलन में ब्रिक्स सदस्य देशों, साझेदार देशों और विशेष आमंत्रित देशों के नेता भाग लेने के लिए India पहुंच रहे हैं.
इससे पहले Friday सुबह ही रूस के President व्लादिमीर पुतिन India पहुंचे.
पुतिन के New Delhi पहुंचने की पुष्टि करते हुए विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने ‘एक्स’ पर लिखा, “रूस के President व्लादिमीर पुतिन का 18वें ब्रिक्स शिखर सम्मेलन के लिए हार्दिक स्वागत है. हवाई अड्डे पर उनका स्वागत विदेश राज्य मंत्री कीर्ति वर्धन सिंह ने किया. India और रूस के बीच विशेष एवं विशेषाधिकार प्राप्त रणनीतिक साझेदारी पर आधारित लंबे समय से मजबूत और बहुआयामी संबंध हैं.”
Friday को होने वाली मोदी-पुतिन बैठक में दोनों देशों के बीच साझेदारी की प्रगति की समीक्षा किए जाने और रणनीतिक महत्व के मुद्दों पर चर्चा होने की उम्मीद है.
पुतिन की यात्रा से पहले रूसी Government के प्रवक्ता दिमित्री पेस्कोव ने भारतीय मीडिया से कहा था कि दोनों नेता भारत-रूस संबंधों और दुनिया के सामने मौजूद महत्वपूर्ण मुद्दों पर बातचीत करेंगे. साथ ही, पुतिन Prime Minister मोदी को यूक्रेन संघर्ष की मौजूदा स्थिति के बारे में भी जानकारी देंगे.
बैठक के एजेंडे में रक्षा सहयोग प्रमुख विषयों में शामिल रहने की संभावना है. दोनों नेता चल रही और भविष्य में प्रस्तावित रक्षा परियोजनाओं पर भी चर्चा कर सकते हैं.
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एवाई/एएस
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